सीहोर। बारिश के मौसम में भी सीहोर जिले के ग्राम बिजलौन के ग्रामीण पीने के पानी के लिए भटकने को मजबूर हैं. गांव की डीपी कई दिनों से जली पड़ी है, जिससे नलजल योजना ठप है. ग्रामीण दूर खेतों और ट्यूबवेलों से पानी ढो रहे हैं. वहीं सरपंच के घर के सामने बोरवेल, चबूतरा और टीन शेड जैसी लाखों की योजनाएं उतरी हैं, लेकिन बाकी वार्ड उपेक्षित हैं. ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत में विकास कार्य केवल सरपंच और वार्ड क्रमांक 9 तक सीमित हैं.
गांव में 85 हजार लीटर क्षमता की बड़ी टंकी और चार छोटी टंकियां होते हुए भी पानी की सप्लाई नहीं हो रही. 160 नल कनेक्शन वाले गांव में आधे ग्रामीण जलकर नहीं भरते, जिससे पूरे गांव की सप्लाई रोक दी जाती है. ग्रामीणों का आरोप है कि उपसरपंच का भाई जलकर वसूल कर अपने नाम से बिल चढ़ा देता है. पंचायत सचिव ने स्वीकार किया कि मोटर से अवैध खींचाई के कारण कई मोहल्लों तक पानी नहीं पहुंच पाता.अव्यवस्थाओं से गांव में आक्रोश गहराता जा रहा है.
