जबलपुर: कुंदन ग्रीन एनर्जी ने एनसीएलटी प्रक्रिया के माध्यम से कठौंदा वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट का अधिग्रहण कर लिया है।अधिग्रहण के बाद मशीनों की मरम्मत और तकनीकी सुधार का कार्य पूरा कर लिया गया है, जिसके बाद 1 दिसंबर से टेस्टिंग शुरू कर दी गई है। प्लांट पूरी तरह चालू होने पर प्रतिदिन लगभग 600 टन मिक्स ठोस कचरे का वैज्ञानिक निस्तारण किया जा सकेगा।आधिकारिक जानकारी के अनुसार प्लांट की स्थापित क्षमता 11.5 मेगावाट बिजली उत्पादन की है, जिसके लिए शहर से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में कचरा इस यूनिट तक पहुंचाया जाता रहा है।
शहर को स्वच्छता की रैंकिंग में बेहतर स्थान दिलाने के लिए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को मजबूत बनाना आवश्यक है। पिछले कुछ महीनों में मशीनरी बंद होने के कारण कठौंदा प्लांट के आसपास कचरे का ढेर बढ़ता जा रहा था। मशीनों के दोबारा संचालन में आने से इस समस्या के जल्द समाधान की उम्मीद की जा रही है। विदित हो कि 4 अप्रैल 2025 को एनसीएलटी की कार्यवाही के तहत एमएसडब्ल्यू प्राइवेट लिमिटेड के अधिग्रहण की घोषणा की गई थी।
इस संबंध में प्लांट के संचालन से जुड़े अधिकारियों ने बताया कि मशीनों की टेस्टिंग जारी है और जांच-पड़ताल पूरी होने के बाद आने वाले दिनों में प्लांट औपचारिक रूप से बिजली उत्पादन शुरू कर देगा। अधिकारियों केअनुसार, यह यूनिट शहर के कचरा निस्तारण तंत्र को सुचारू करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
