नयी दिल्ली, 15 जुलाई (वार्ता) दिल्ली सरकार ने राजधानी के लोगों को बेहतरीन और विश्वस्तरीय परिवहन सेवा मुहैया कराने के लिए दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) का काया पलट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को परिवहन विभाग की उच्च स्तरीय बैठक में स्पष्ट कहा कि पूर्व सरकार की बदइंतजामी के कारण 60 हजार करोड़ के घाटे में चल रही डीटीसी को हर हाल में उबार कर उसे बेहतरीन परिवहन सेवा में बदला जाएगा। हमारी सरकार ने पूरी तैयारी कर ली है। इसके लिए छोटी (देवी) और बड़ी बसों की संख्या तो बढ़ाई ही जा रही है, साथ ही इनके रूट भी इस तरह से बनाए जा रहे हैं ताकि लोगों की पहुंच उन तक आसानी से हो जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा , “हम दिल्ली की सभी परिवहन सेवाओं जैसे डीटीसी, मेट्रो, आआरटीएस के लिए एक ही स्मार्टकार्ड लाने जा रहे हैं। इसमें दिल्ली की महिलाओं/ट्रांसजेंडरों के लिए पिंक कार्ड भी शामिल है, जिसके आधार पर वे डीटीसी में फ्री सफर कर सकेंगी। बैंकों से बात चल रही है जो लोगों को कार्ड जारी करेंगे। लोगों तक यह कार्ड आसानी से पहुंचे, इसके लिए फुलप्रूफ व्यवस्था बनाई जा रही है। यह कार्ड दिल्ली वालों को परेशानी से बचानेके लिए बड़ी भूमिका निभाएगा।”
श्रीमती गुप्ता ने कहा कि दिल्ली में डीटीसी के अधीन 660 छोटी इलेक्ट्रिक बसें और 1800 बड़ी इलेक्ट्रिक चल रही हैं। ईवी बेड़े की कुल 4800 बसें हैं। इसके अलावा सीएनजी की भी 1800 बसों का बेड़ा दौड़ रहा है। हमने पाया कि इलेक्ट्रिक बसों के आने से डीटीसी की पहुंच तो बढ़ीहै, लेकिन इनके रूट अभी भी पुराने ढर्रे पर चल रहे हैं, जिससे यह बसें पूरी दिल्ली के यात्रियों को कवर नही कर पा रही है। हमारी सरकार ने आईआईटी दिल्ली के साथ मिलकर बसों कानया रूट बनाया है। इस रूट की विशेषता यह है कि यह दिल्ली के छोटे इलाकों को तो कवर ही करेगा साथ ही दिल्ली मेट्रो से भी यात्रियों को जोड़ेगा। प्रयोग के तौर पर शीघ्र ही यमुनापार में यह सिस्टम लागू किया जा रहा है। उसके बाद इसे पूरी दिल्ली में लागू कर दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार दिल्ली के सभी बस क्यू शैल्टरों को यात्रियों के लिए सुविधाजनक तो बनाने जा ही रही है, साथ ही उन्हें हाईटेक भी बनाया जाएगा, ताकि वहां से समय पर बस रूट की जानकारी और उनके आने का समय भी पता चल सके। सरकार इन बस अड्डों को अति आधुनिक व यात्रियों के लिए सुविधाजनक बनाएगी। इन बस अड्डों का लुक हवाई अड्डों जैसा नजरआएगा।
दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉक्टर पंकज कुमार सिंह ने कहा कि दिल्ली को विकसित भारत की विकसित राजधानी’ बनाने के संकल्प को पूरा करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। उनकी सरकार दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) के बेड़े में शामिल हो रही नई बसों के साथ ही इलेक्ट्रिक बसों के बढ़ते बेड़े को भी ध्यान में रखते हुए राजधानी दिल्ली के सभी बस डिपो और बस टर्मिनल को अपग्रेड करने का काम कर रही है। उन्होंने बताया कि राजधानी दिल्ली के घनी आबादी वाले इलाके में चल रही डीटीसी की देवी बस सेवा को दिल्लीवासियों से शानदार प्रतिक्रिया मिल रही है।
