
इंदौर: इंटर ऑपरेबल क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम (आईसीजेएस) के क्रियान्वयन में इंदौर पुलिस की फिंगर प्रिंट यूनिट ने प्रदेश में तीसरा स्थान हासिल किया है. पिछले एक वर्ष के प्रदर्शन के आधार पर जारी रैंकिंग में यह उपलब्धि मिली.इंदौर पुलिस की फिंगर प्रिंट यूनिट ने आईसीजेएस के प्रभावी क्रियान्वयन में प्रदेशभर में तीसरा स्थान प्राप्त किया है. भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित आईसीजेएस इम्प्लीमेंटेशन एंड डिजिटल इंटीग्रेशन वर्कशॉप में पिछले एक वर्ष के प्रदर्शन के आधार पर जिलों का मूल्यांकन किया.
मूल्यांकन में थानों और न्यायालयों में तैयार फिंगर प्रिंट स्लिप, घटनास्थलों के निरीक्षण, एमसीयू एंट्री और एनएएफआईएस के माध्यम से ट्रेस किए गए मामलों सहित पांच मानकों को शामिल किया. इन सभी बिंदुओं पर बेहतर प्रदर्शन के आधार पर इंदौर की फिंगर प्रिंट यूनिट को प्रदेश में तीसरा स्थान मिला.कार्यशाला में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति संजीव कालगांवकर ने इंदौर पुलिस को शील्ड प्रदान कर सम्मानित किया.
इंदौर पुलिस की ओर से अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय) सीमा अलावा और फिंगर प्रिंट यूनिट की टीम ने सम्मान प्राप्त किया. पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह ने इस उपलब्धि पर फिंगर प्रिंट यूनिट के अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी. अतिरिक्त पुलिस आयुक्त आर.के. सिंह तथा अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त सीमा अलावा ने भी टीम के प्रदर्शन की सराहना की.
