बुधनी। प्रयागराज माघ मेला में मौनी अमावस्या के अवसर पर ज्योतिषपीठ शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को पालकी से संगम स्नान के लिए जाने से रोके जाने के मामले को लेकर कांग्रेस नेता विक्रम मस्ताल कड़ी निंदा करते हुए कहा कि जगतगुरु शंकराचार्य और उनके अनुयायियों के साथ किया गया व्यवहार बेहद दुखद और निंदनीय है. यह सनातन धर्म के लिए एक काला अध्याय और काला दिन है. उन्होंने कहा कि प्रयागराज जैसे पवित्र धार्मिक आयोजन में संतों और धर्माचार्यों के साथ इस प्रकार का व्यवहार समाज की धार्मिक भावनाओं को आहत करता है. प्रशासन को चाहिए कि वह आस्था, परंपरा और सम्मान का ध्यान रख निर्णय लें. गौरतलब है कि हाल ही में कांग्रेस नेता विक्रम मस्ताल शर्मा पैदल नर्मदा परिक्रमा यात्रा पर भी निकले हैं, जिसके माध्यम से वे सनातन संस्कृति, धर्म और सामाजिक समरसता का संदेश दे रहे हैं.
