
छतरपुर। जिला अस्पताल और एक निजी अस्पताल के बीच कथित मिलीभगत का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि गर्भवती महिला को निजी अस्पताल रेफर करने के नाम पर अवैध लेनदेन किया गया। इस मामले में पीड़ित परिजन ने स्वास्थ्य विभाग में शिकायत दर्ज कराते हुए न्याय की मांग की है।
जानकारी के अनुसार ग्राम रायपुर चंदला निवासी 21 वर्षीय गर्भवती महिला रचना पटेल को 9 जनवरी की शाम करीब 6 बजे जिला अस्पताल लाया गया था। परिजनों का आरोप है कि जिला अस्पताल में मौजूद डॉक्टरों ने महिला के बच्चे के खत्म होने की बात कही और अस्पताल में अधिक भीड़ होने का हवाला देकर इलाज निजी अस्पताल में कराने की सलाह दी।
आरोप है कि डॉ. साक्षी द्वारा निजी अस्पताल भेजने की बात कही गई और इलाज के बदले ₹18 हजार में सौदा तय हुआ। इसके बाद महिला को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज किया गया, लेकिन उसकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। परिजनों का कहना है कि निजी अस्पताल में इलाज के बावजूद महिला को आराम नहीं मिला, जिसके बाद उसे दोबारा जिला अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद जिला अस्पताल और निजी अस्पताल की मिलीभगत को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित महिला के परिजन संतोष कुमार पटेल ने स्वास्थ्य विभाग में लिखित शिकायत देकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल स्वास्थ्य विभाग द्वारा मामले की जांच किए जाने की बात कही जा रही है। वहीं इस प्रकरण ने सरकारी अस्पतालों से निजी अस्पतालों में रेफरल सिस्टम की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
