सतना:मध्यप्रदेश प्रशासनिक इकाई पुर्नगठन आयोग के पत्र से शुरू हुए इस विवाद में मैहर जिले से अमरपाटन तहसील के आधा दर्जन प्रमुख गांवों को रीवा में जोड़े जाने की अनुशंसा जिला प्रशासन से चाही गई थी.मिली जानकारी के अनुसार अमरपाटन के अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को 7 अगस्त को जिला प्रशासन मैहर द्वारा आदेश देकर म.प्र. प्रशासनिक इकाई पुर्नगठन आयोग के पत्र क्र. 400/एफ क्र. 82/म.प्र. प्रशासनिक इकाई आयोग/2025 तथा पत्र क्र.398 का भी हवाला देकर बताया गया है.
कि मुख्यमंत्री कार्यालय के विशेष कत्र्तव्यथ अधिकारी ने 27 जनवरी 2025 को ग्राम पंचायत क्षेत्र आनंदगढ़, आमिन, धोबहट, मुकुंदपुर, परसिया एवं पपरा को मैहर जिले से पृथक कर रीवा जिले में सम्मिलित करने के संबंध में अनुविभाग का अभिमत चाहा है. संदर्भित पत्र क्र. 2 में ग्राम पंचायत मुकुन्दपुर की ग्रामसभा मुकुंदपुर द्वारा भविष्य में परसीमन के दौरान रीवा जिले में सम्मलित न करते हुए मैहर जिले में रखा जाए का आवेदन भी आयोग को प्राप्त हुआ है जिस पर अभिमत चाहा गया है.
गौरतलब है कि इस पत्र के सार्वजनिक होते ही चोरी छिपे की जा रही प्रशासनिक हेराफेरी की सारी जानकारी लोगों के संज्ञान में आ गई. इसके बाद इस घटना पर जनप्र्तिनिधियों की खुलकर राय सामने आने लगी.
सासंद ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र
सांसद गणेश सिंह ने मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव को पत्र लिखकर मैहर जिले की अमरपाटन तहसील के ग्राम आनंदगढ़, आमिन, धोबहट, मुकुन्दपुर, परसिया एवं पपरा को मैहर जिले से पृथक कर रीवा जिले में सम्मिलित करने के संबंध में कलेक्टर भू अभिलेख जिला मैहर के 7 अगस्त के निर्देश पर पारित प्रस्ताव का पुरजोर विरोध किया है. उन्होंने यह भी कहा है कि यह एक साजिश के तहत प्रस्ताव तैयार करके भेजा गया है. उन्होंने सोशल मीडिया में लिखे अपने वक्तव्य में कहा है कि यह प्रस्ताव न केवल क्षेत्रवासियों की भावनाओं आहत करता है बल्कि उनके सामाजिक, सास्कृतिक प्रशासनिक एवं विकास संबंधी हितों पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालेगा. यह कदम एक सुविचारित साजिश का संकेत देता है जो स्थानीय जनता के विश्वास और आपेक्षाओं के विपरीत है.
मुकुंदपुर सफारी जिले के लिए सम्मान: राजेन्द्र
पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष अमरपाटन विधायक राजेन्द्र सिंह ने इस प्रस्ताव का विरोध करते हुए कहा कि स्व. बांधवेश महाराजा मारतण्ड सिंह को पूरा विन्ध्य बड़ी श्रद्धा की दृष्टि से देखता है. सफारी उनकी स्मृति को जनता के साथ जोडऩे का ऐसा माध्यम है जिसका भावनात्मक संबंध है. उन्होंने कहा कि इस प्रकार का कोई भी प्रयास जिले की जनता कभी बर्दास्त नहीं करेगी. स रकार को ऐसी कोई कोशिश नहीं करनी चाहिए.
जिले की जनता के साथ अन्याय: नारायण
पूर्व विधायक नारायण त्रिपाठी ने अमरपाटन क्षेत्र के गावों को रीवा जिला में जोड़े जाने का विरोध करते हुए कहा कि यह उच्च स्तरीय राजनैतिक साजिश का हिस्सा है. उन्होंने कहा कि इस मामले में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री और रीवा जिले के वरिष्ठ नेता की भूमिका संदिग्ध है. उन्होंने विन्ध्य की जनता के साथ राजनैतिक रूप से किये जा रहे भेदभाव पर आपत्ति व्यक्त करते हुए कहा कि उनका संघर्ष रीवा को विन्ध्य की राजधानी बनाने का है. लेकिन वहां के स्थानीय नेता छोटी राजनीति में जनता को फंसाकर बेरोजगारी जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों से गुमराह कर रहे हैं.
ग्रामसभा का निर्णय अटल: रामखेलावन
अमरपाटन क्षेत्र के पूर्व विधायक रामखेलावन पटेल ने जनता को यह भरोसा दिलाया है कि उनके रहते अमरपाटन क्षेत्र से कोई भी पंचायत अलग नहीं हो सकती. उन्होंने मुकुंदपुर की ग्रामसभा के पारित प्रस्ताव की चर्चा करते हुए कहा कि जो जनता को स्वीकार नहीं वह काम नहीं होने दिया जाएगा. यदि आवश्यकता पड़ी तो अन्य पंचायतों से भी इस प्रकार के प्रस्ताव तैयार कराए जाएंगे
