वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा देने के लिए दो सौ करोड़ रुपये खर्च करेगी एचएसबीसी इंडिया

यह कार्यक्रम 2026 से 2030 तक पूरे देश में चलाया जाएगा। इसे गैर-लाभकारी संस्थाओं, शैक्षणिक संस्थानों और रिसर्च से जुड़े सहयोगियों की मदद से लागू किया जाएगा। कार्यक्रम में खास तौर पर महिलाओं, युवाओं, प्रवासी कामगारों, दिव्यांग लोगों, कम आय वाले परिवारों और पहली बार औपचारिक वित्तीय सेवाओं का इस्तेमाल करने वाले लोगों पर ध्यान दिया जाएगा।

इस कार्यक्रम के लिए अनुभवी पेशेवरों और संबंधित क्षेत्रों के विशेषज्ञों का एक सलाहकार समूह बनाया जाएगा। यह समूह स्वतंत्र रूप से मार्गदर्शन देगा, ताकि कार्यक्रम के उद्देश्य को व्यावहारिक रूप दिया जा सके और इसके नतीजों को बड़े स्तर पर लागू करने के साथ साथ मापा भी जा सके।

वित्तीय क्षेत्र की इस दिग्गज कंपनी ने की ओर से जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार इस पहल का उद्देश्य लोगों को केवल बैंकिंग और वित्तीय सेवाओं तक पहुंच दिलाना ही नहीं, बल्कि उन्हें इन सेवाओं का सही और समझदारी से इस्तेमाल करने के लिए भी जागरूक बनाना है।

इस कार्यक्रम के तहत लोगों को बैंकिंग और डिजिटल वित्तीय सेवाओं का सुरक्षित इस्तेमाल करने, सोच-समझकर आर्थिक फैसले लेने और धोखाधड़ी से खुद को बचाने के लिए जरूरी जानकारी, आत्मविश्वास और व्यावहारिक कौशल दिए जाएंगे।

एचएसबीसी होल्डिंग्स समूह की मुख्य वित्त अधिकारी पाम कौर ने इस कार्यक्रम का शुभारंभ किये जाने की घोषणा की । इस मौके पर आयोजित कार्यक्रम में एचएसबीसी के एशिया और पश्चिम एशिया में इसके बैंकिंग कारोबार के प्रमुख – जो मियाके, समूह की स्वस्थ्य विकास पहलों के मुख्य अधिकारी – जूलियन वेंटजेल, एचएसबीसी इंडिया के सीईओ हितेंद्र दवे और एचएसबीसी इंडिया में स्वस्थ विकास पहलों की प्रमुख – अलोका मजूमदार भी मौजूद थीं।

 

Next Post

एचडीयू में आग की खबर झूठी निकली, गीजर के गर्म पानी का पाइप लीकेज था

Fri Oct 16 , 2026
ग्वालियर। उपनगर मुरार के जिला अस्पताल के एचडीयू (हाई डिपेंडेंसी यूनिट) के स्टाफ वाशिंग एरिया में लगे गीजर के पाइप चटकने से गीजर के पानी की भाप लीक हो गई। जिससे वहां के आउटसोर्स स्टाफ व कुछ मरीजों के अटेंडरों ने आग लगने की घटना समझकर हो हल्ला कर दिया। […]

You May Like

Play sound