कोलकाता, (वार्ता) केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को कहा कि सरकार विस्थापित हिंदुओं को नागरिकता देने की प्रक्रिया जल्द ही पूरी करेगी।
श्री शाह ने आज यहां मिलन मेला ग्राउंड में श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती के मौके पर अपने संबोधन में कहा, “श्यामाप्रसाद मुखर्जी ने विस्थापित हिंदुओं की सुरक्षा और सम्मान का सपना देखा था और हम उस सपने को पूरा कर रहे हैं। हमने सीएए लागू किया है। हमने हिंदुओं को नागरिकता देने का काम किया है और जो लोग इसके हकदार हैं, उन सभी के लिए यह प्रक्रिया पूरी करेंगे। उन्होंने इस मकसद के लिए अपनी जान दे दी। जब नेहरू-लियाकत समझौता हुआ, तो श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने उसका विरोध किया और कहा कि हिंदुओं की चिंताओं पर ध्यान नहीं दिया गया। देश में मुसलमानों की चिंताओं का समाधान किया गया, लेकिन पाकिस्तान में हिंदुओं के मुद्दों को नजरअंदाज़ कर दिया गया। इसीलिए उन्होंने नेहरू सरकार से इस्तीफा दे दिया।”उन्होंने कहा कि नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) मुखर्जी के अहम सपनों में से एक को पूरा करता है।
उन्होंने कहा, “हम नागरिकता देने की प्रक्रिया जल्द पूरी करेंगे। इस प्रक्रिया में जो भी दिक्कतें या पेचीदगियां बची हैं, उन्हें दूर किया जायेगा और हर हकदार व्यक्ति को नागरिकता मिलेगी।” उन्होंने ज़ोर दिया कि अवैध घुसपैठियों की पहचान करने और उन्हें वापस भेजने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है।
श्री शाह ने न्यू टाउन में श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रस्तावित 125 फुट ऊंची प्रतिमा के लिए भूमि पूजन समारोह में भी हिस्सा लिया और कहा कि यह ‘सोनार बांग्ला’ बनाने के सपने को पूरा करने की दिशा में एक शुरुआत है। राष्ट्रीय एकता पर उन्होंने कहा, “श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने कहा था कि एक देश में दो राष्ट्रीय झंडे, दो संविधान और दो नेता (दो निशान, दो विधान और दो प्रधान) नहीं हो सकते। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अनुच्छेद 370 को हटाकर उस संकल्प को पूरा किया है।”
एक मज़बूत राजनीतिक संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि अब उन सभी लोगों को सजा देने का समय आ गया है जिन्होंने भ्रष्टाचार किया है और लोगों के साथ धोखा किया है। उन्होंने कहा, “मैंने चुनाव से पहले ही कहा था कि किसी को बख्शा नहीं जायेगा और अब वह समय आ गया है। सरकार ने विधेयक पारित कर दिये हैं और लोगों के साथ धोखाधड़ी करने वाले सभी दोषियों को इसका हर्जाना भरना होगा – इसलिए तैयार रहें। उन्हें जवाबदेह ठहराया जायेगा।”
केंद्रीय गृह मंत्री ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी नीत सरकार की तारीफ की और राज्य में राजनीतिक बदलाव के बाद कम समय में उठाये गये कदमों का ज़िक्र किया। उन्होंने कहा कि राज्य में अन्नपूर्णा योजना, आयुष्मान भारत और लखपति दीदी जैसी योजनाएं पहले ही शुरू की जा चुकी हैं। उन्होंने बताया कि उत्तर बंगाल में कैंसर अस्पताल का निर्माण शुरू हो गया है और सीमा सुरक्षा बलों के लिए ज़मीन आवंटन का काम भी पूरा हो चुका है। उन्होंने गुंडा-विरोधी कानून पास करने और यूनिफॉर्म सिविल कोड (समान नागरिक संहिता) को लागू करने तथा महिलाओं की सुरक्षा के लिए कमेटियां बनाने के लिए राज्य सरकार की तारीफ की।
