हैदराबाद, 24 अप्रैल (वार्ता) तेलंगाना राज्य सड़क परिवहन निगम (टीजीएसआरटीसी) के कर्मचारियों की जारी हड़ताल शुक्रवार को तीसरे दिन में प्रवेश कर गयी। श्रमिक संघों ने आंदोलन को तेज करते हुए विरोध प्रदर्शनों की एक श्रृंखला शुरू करने की घोषणा की है।
परिवहन निगम के संघों ने चालक शंकर गौड़ की मृत्यु पर गहरा दुख व्यक्त किया और सरकार से आग्रह किया कि स्थिति और बिगड़ने से पहले उनकी मांगों पर ध्यान दिया जाये। इस घटना के बाद संयुक्त कार्य समिति ने पूर्ववर्ती वारंगल जिले में बंद का आह्वान भी किया है। एक आपातकालीन बैठक में समिति के नेताओं ईदुरू वेंकन्ना और थॉमस रेड्डी ने विरोध प्रदर्शन की रूपरेखा तैयार की, जिसमें शुक्रवार को सभी डिपो पर मौन प्रदर्शन, 25 अप्रैल को खाना बनाने का विरोध, 26 अप्रैल को श्रमिक मार्च और 27 अप्रैल को जन प्रतिनिधियों को प्रार्थना पत्र सौंपना शामिल है। महिला कर्मचारी 28 अप्रैल को ‘बथुकम्मा’ विरोध प्रदर्शन करेंगी और यदि मांगें अनसुलझी रहीं, तो 29 अप्रैल को “अर्धनग्न” विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
उधर, मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में इस मुद्दे पर गुरुवार को भी चर्चा की गयी। उन्होंने श्रमिकों से कोई भी कड़ा कदम न उठाने की अपील की और आश्वासन दिया कि सरकार उनकी चिंताओं को दूर करने के लिये प्रतिबद्ध है।
उपमुख्यमंत्री भट्टी विक्रमार्क की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय मंत्रिमंडल उप-समिति का गठन किया गया है, जो शुक्रवार को श्रमिक संघों के साथ वार्ता करेगी। इस बीच, बस सेवाएं बड़े पैमाने पर बाधित रहीं, जिससे यात्रियों को असुविधा हुई, जबकि सरकार ने प्रभाव को कम करने के लिये अस्थाई तौर पर किराये की और बिजली से चलने वाली बसें तैनात की हैं।
