नयी दिल्ली 02 फरवरी (वार्ता) टी-20 विश्व कप में आगामी 15 फरवरी को कोलंबो में खेले जाने वाले भारत-पाक मैच को लेकर पाकिस्तान की बहिष्कार धमकी को लेकर स्थिति जस की तस बनी हुई है।
क्रिकबज की रिपोर्ट के अनुसार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की ओर से यह सख्त बयान जारी करने के बाद कि वह ‘चुनींदा भागीदारी’ की बात बर्दाश्त नहीं करेगा, गेंद पूरी तरह से पाकिस्तान के पाले में है।
इस वेबसाइट के अनुसार आईसीसी की इस बावत किसी भी बैठक के करने के बारे में कोई जानकारी सामने नहीं आयी है। इसकी वजह यह है कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने अभी तक आईसीसी को इस बड़े मैच को छोड़ने के अपने फैसले के बारे में आधिकारिक रूप से नहीं लिखा है। पीसीबी ने बस इस संबंध में एक सोशल मीडिया पोस्ट ही जारी की थी और सोशल मीडिया पोस्ट, को आधिकारिक बयान नहीं माना जाता।
ऐसा माना जा रहा है कि पीसीबी टूर्नामेंट में अपनी पूर्ण भागीदारी को लेकर आखिरकार मान जाएगा, क्योंकि पीसीबी ने पिछले सितंबर में एशिया कप के एक गेम में हिस्सा लेने का फैसला मैच शुरू होने से लगभग आधा घंटा पहले लिया था।
उल्लेखनीय है कि आईसीसी ने पाकिस्तान सरकार के भारत के खिलाफ टी-20 विश्व कप मैच के बहिष्कार तथा ‘चुनिंदा भागीदारी’ के ऐलान के बाद रविवार रात जारी एक बयान में कहा था कि उन्हें उम्मीद है कि पीसीबी सभी हितधारकों के हितों की रक्षा करते हुए आपसी सहमति से कोई समाधान तलाशेगा।
इसके बाद ऐसा माना जा रहा है कि आईसीसी इस मुद्दे पर बैठक कर सकता है। अनुमान है कि इस बैठक में आईसीसी, भारत के खिलाफ मैच का बहिष्कार करने पर पाकिस्तान पर प्रतिबंध लगा सकता है और उसके राजस्व पर रोक सहित अन्य कड़े उपाय भी अपना सकता है।
आगामी 15 फरवरी को होने वाला भारत-पाक मुकाबला टूर्नामेंट का सबसे अधिक व्यावसायिक रूप से लाभदायक ग्रुप मैच माना जा रहा है। पाकिस्तान सरकार के सोशल मीडिया पर की गई पोस्ट के कुछ ही घंटों बाद आईसीसी ने प्रतिक्रिया देते हुए एक बयान में कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि इस निर्णय से पीसीबी अपने देश में होने वाले क्रिकेट के दीर्घकालिक प्रभावों पर विचार करेगा, क्योंकि इसका असर वैश्विक क्रिकेट पर पड़ने की संभावना है।
आईसीसी के नियमों के अनुसार किसी मैच का बहिष्कार होने की स्थिति में पाकिस्तान को अपने अंक गंवाने पड़ेंगे और उसके नेट रन रेट पर असर पड़ेगा, लेकिन भारत के नेट रन रेट पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसके अलावा भारत को जीत के दो अंक भी मिलेंगे।
आईसीसी के बयान में कहा गया, “आईसीसी पाकिस्तान सरकार के दिए उस बयान को संज्ञान में ले रहा है, जिसमें उन्होंने 2026 आईसीसी पुरूष टी-20 विश्व कप में अपनी टीम को चुनिंदा मैचों में ही भाग लेने का निर्देश दिया है। आईसीसी अभी भी इस संबंध में पीसीबी से आधिकारिक संवाद की प्रतीक्षा कर रहा है। हालांकि चयनात्मक भागीदारी की यह स्थिति किसी वैश्विक खेल आयोजन की मूल भावना से मेल नहीं खाती, जहां सभी क्वालिफाई कर रही टीमों से तय कार्यक्रम के अनुसार समान शर्तों पर प्रतिस्पर्धा करने की अपेक्षा की जाती है।”
पाकिस्तान ग्रुप ए में भारत, नामीबिया, नीदरलैंड्स और अमेरिका के साथ है। वे अपने सभी मैच श्रीलंका में खेलेंगे, जो भारत के साथ टूर्नामेंट का सह-मेजबान है। पाकिस्तान सात फरवरी को टी-20 विश्व कप के उद्घाटन दिन नीदरलैंड्स के खिलाफ अपना पहला मैच खेलेगा। इसके बाद वे 10 फरवरी को अमेरिका और 18 फरवरी को नामीबिया से भिड़ेंगे।
