नयी दिल्ली 22 जनवरी (वार्ता) यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन की अगले सप्ताह भारत यात्रा से पहले विदेश मंत्री डा. एस जयशंकर ने गुरुवार को यहां यूरोपीय संघ के देशों के राजदूतों के साथ मुलाकात की और वैश्विक परिस्थितियों पर चर्चा की। यूरोपीय राजनयिकों के साथ मुलाकात के बाद डा. जयशंकर ने कहा कि दुनिया भर में मौजूदा अस्थिरता और अनिश्चितता के माहौल में भारत और यूरोपीय संघ के बीच मजबूत संबंध जरूरी हैं। इन संबंधों से वैश्विक व्यवस्था को स्थिरता मिलेगी। विदेश मंत्री ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा , ” आज यूरोपीय संघ के देशों के राजदूतों के साथ बातचीत कर खुशी हुई। उनसे दुनिया की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की, जहां अस्थिरता और अनिश्चितता नई सामान्य स्थिति बन गई है। उन्होंने कहा कि बातचीत में उन्होंने भारत–यूरोपीय संघ के मजबूत संबंधों की आवश्यकता पर बल दिया। डा. जयशंकर ने कहा कि दोनों पक्षों के बीच संबंध मजबूत आपूर्ति शृंखलाओं पर सहयोग के माध्यम से वैश्विक अर्थव्यवस्था के जोखिम को कम करेंगे,
मानवीय सहायता एवं आपदा राहत, समुद्री डकैती रोधी अभियानों और विकास परियोजनाओं जैसे सार्वजनिक हित के कार्यों के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय समुदाय में भरोसा जगायेंगे और व्यापार, आवागमन तथा सुरक्षा साझेदारी को सशक्त बनाकर वैश्विक व्यवस्था को स्थिर करेंगे।” उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस समारोह के अवसर पर श्री कोस्टा और सुश्री डेर लेयन की यात्रा का भारत में उत्सुक्ता से इंतजार किया जा रहा है। उल्लेखनीय है कि यूरोपीय संघ के दोनों शीर्ष नेता इस वर्ष गणतंत्र दिवस पर मुख्य अतिथि होंगे। इसके बाद वे 27 जनवरी को संयुक्त रूप से भारत-यूरोपीय शिखर सम्मेलन की प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ सह-अध्यक्षता करेंगे। इस दौरान व्यापक मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए जाने की संभावना है।

