
सारनी। मप्र पॉवर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड सारनी पर ग्राम पंचायत धसेड़ के ग्रामीणों ने आश्वासन के अनुरूप विकास कार्य नहीं कराने का आरोप लगाया है। इसको लेकर ग्रामीणों ने सतपुड़ा थर्मल पॉवर प्लांट सारनी के अतिरिक्त मुख्य अभियंता राजीव गुप्ता से मुलाकात कर गोदग्राम धसेड़ की विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया। साथ ही ग्रामीणों ने मुख्य अभियंता सतपुड़ा ताप गृह सारनी के नाम अतिरिक्त मुख्य अभियंता को पत्र सौंपकर ग्राम पंचायत धसेड़ में स्टॉप डेम निर्माण, शासकीय स्कूल में कक्ष, सामुदायिक भवन निर्माण और राख बांध के रास्ते धसेड़, घोघरी तिराहे जहां अंधा मोड़ होने के चलते आए दिन हो रहे सड़क दुर्घटना वाले चिन्हित स्थल पर श्राइन बोर्ड लगाने व बाउंड्रीवाल निर्माण की मांग की है।
57 किसानों से अधिग्रहण की थी 130 हेक्टेयर भूमि
साल 2009 में 250-250 मेगावाट क्षमता की बिजली इकाइयों से निकलने वाली राख को एकत्रित करने डेम निर्माण के लिए सतपुड़ा ताप गृह प्रबंधन द्वारा ग्राम पंचायत धसेड़ के 57 किसानों की 130 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहण की थी। जिसका मुआवजा तो कंपनी द्वारा दिया गया है। लेकिन भूमि अधिग्रहण के समय ग्राम पंचायत को सालाना 1 करोड़ के विकास कार्य कराने दिए आश्वासन को अब तक पूरा नहीं किया है। जिसके चलते ग्रामीणों में कंपनी के प्रति आक्रोश पनप रहा है। गांव के राकेश उईके, रमेश उईके, सुरेश परते, कृष्णा मर्सकोले, जितेन्द्र मर्सकोले, संजू उईके, कनक मर्सकोले, गणेश उईके नंदकिशोर उईके, महेश मर्सकोले, लड्डू उईके, राजेन्द्र उईके, अरविंद वरकड़े ने
अतिरिक्त मुख्य अभियंता को पत्र देकर जरूरी विकास कार्य कराने की मांग की है।
अधिग्रहण के बाद हुए काम
सतपुड़ा थर्मल पॉवर प्लांट के गोदग्राम धसेड़ में भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई के बाद ग्राम धसेड़ में सीमेंट कांक्रीट सड़क, 4 हैंडपंप खनन और एक पुलिया का निर्माण किया है। इन निर्माण कार्यों से ग्रामीणों को काफी सहुलियत मिली है।ग्रामीणों का मानना है कि कंपनी ने हर साल एक करोड़ के विकास कार्यों का आश्वासन दिया था वह आश्वासन अब तक पूरा नहीं हुआ। गांव में सबसे बुरे हाल विक्रमपुर से खकराढाना पहुंच मार्ग के हैं। बारिश के सीजन में यह मार्ग पूरी तरह दलदल में तब्दील रहता है। जिसके चलते ग्रामीणों को लंबा रास्ता तय करके गांव में पहुंचना पड़ता है। ग्राम पंचायत धसेड़ में पांच गांव आते हैं। जिनमें बरेलीढाना, खकराढाना, सेमरताल, रयावाड़ी और धसेड़ शामिल है।
इनका कहना
ग्राम पंचायत धसेड़ के ग्रामीण मिलने आए थे। मैं यहां के लिए फिलहाल नया हूं। जानकारी लेकर ग्रामीणों के पक्ष में जो संभव होगा कोशिश करेंगे।
राजीव गुप्ता, अतिरिक्त मुख्य अभियंता, पॉवर प्लांट सारनी।
