गुवाहाटी, 24 नवम्बर (वार्ता) गुवाहाटी में दूसरे टेस्ट के तीसरे दिन मेहमान टीम ने दक्षिण अफ्रीका के 489 रन के जवाब में भारत को 201 रन पर आउट कर दिया और दूसरी पारी में बल्लेबाजी करते हुए बिना कोई विकेट खोये 26 रन बनाकर 314 रन की मजबूत बढ़त बना ली।
जियोस्टार के पोस्ट-मैच शो ‘क्रिकेट लाइव’ में बात करते हुए, जियोस्टार एक्सपर्ट अनिल कुंबले ने भारत के बैटिंग एप्रोच को काफी खराब बताया। कुंबले ने कहा, “मुझे लगा कि भारत की बैटिंग की कोशिश काफी खराब थी। टेस्ट क्रिकेट में जो मेहनत और सब्र चाहिए होता है, वह नहीं था। कुछ अच्छी बॉलिंग हुईं, लेकिन बैट्समैन मुश्किल स्पेल झेलने या सेशन दर सेशन खेलने के लिए तैयार नहीं दिखे। ऐसा लगा कि मकसद तेजी से रन बनाना था, जो एक टेस्ट मैच में मुमकिन नहीं है, जहां 489 रन धीरे-धीरे बनाने होते हैं। विरोधी बॉलर्स और उनके स्पेल का सम्मान करना बहुत जरूरी है, लेकिन भारत ने वह हिम्मत नहीं दिखाई। मार्को यानसन ने बहुत अच्छी बॉलिंग की, जिससे भारत पर लगातार प्रेशर बना रहा। जब उन्होंने बाउंसर फेंकना शुरू किया, जो उनकी हाइट और अजीब लेंथ को देखते हुए मुश्किल हो सकता है, तो भारत न तो छोड़ने के लिए तैयार दिखा और न ही वार झेलने के लिए। टेस्ट क्रिकेट में मुश्किल स्पेल से बचने के लिए यह अप्रोच जरूरी है, लेकिन बदकिस्मती से, आज भारत के अप्रोच में इसकी कमी थी।”
अनिल कुंबले ने कहा,”दक्षिण अफ्रीका ने अपने सिलेक्शन के मामले में भी सही किया है। मुथुसामी एक ऑलराउंडर के तौर पर आए थे जो कम बॉलिंग करते हैं, लेकिन उनकी सेंचुरी का बड़ा योगदान था। उनके और मार्को यानसन के बीच पार्टनरशिप ने गेम को इंडिया से छीन लिया। आज इंडिया के परफॉर्मेंस को देखें, तो यानसन ने साफ इरादे और डिसिप्लिन के साथ बॉलिंग की, और इंडिया ने बस हार मान ली। लोअर ऑर्डर में वाशिंगटन सुंदर और कुलदीप यादव में जो लड़ाई और हिम्मत हमने देखी, वह टॉप ऑर्डर में नहीं थी, जिसकी इस तरह की पिच पर जरूरत थी। दक्षिण अफ्रीका ने तीन दिनों तक मैच पर दबदबा बनाए रखा और वे अपनी पोजीशन से बहुत खुश होंगे-दो दिन बाकी रहते हुए 314 रन से आगे होने का मतलब है कि वे एक मजबूत जगह पर हैं।”
