नयी दिल्ली, 05 जून (वार्ता) दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को कहा कि ‘नमो ऑक्सीजन पार्क’ सामान्य पार्कों से अलग हैं क्योंकि यहां केवल पीपल, बरगद, जामुन और आम जैसी स्वदेशी व पर्यावरणीय रूप से लाभकारी प्रजातियों को प्राथमिकता दी जा रही है।
श्रीमती गुप्ता ने आज विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव और केंद्रीय राज्य मंत्री कीर्तिवर्धन सिंह के साथ मैदानगढ़ी स्थित ‘नमो ऑक्सीजन पार्क’ में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुईं। इस अवसर पर दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में विकसित 18 ‘नमो ऑक्सीजन पार्कों’ का डिजिटल लोकार्पण भी किया गया।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर जानकारी दी कि ये ‘नमो ऑक्सीजन पार्क’ सामान्य पार्कों से अलग हैं क्योंकि यहां केवल पीपल, बरगद, जामुन और आम जैसी स्वदेशी व पर्यावरणीय रूप से लाभकारी प्रजातियों को प्राथमिकता दी जा रही है। ये पेड़ अधिक ऑक्सीजन देने के साथ-साथ स्थानीय जैव विविधता और पक्षियों के प्राकृतिक आवास को समृद्ध करेंगे। सरकार का लक्ष्य पूरी दिल्ली में ऐसे 100 ऑक्सीजन पार्क विकसित करने का है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का उल्लेख करते हुए कहा कि अगर प्रत्येक नागरिक एक पौधा लगाकर उसकी जिम्मेदारी ले तो दिल्ली को हरित और प्रदूषण-मुक्त बनाना संभव है।
इस अवसर पर श्री भूपेंद्र यादव ने कहा कि मैदानगढ़ी स्थित ‘नमो ऑक्सीजन पार्क’ में आयोजित यह कार्यक्रम दिल्ली में शहरी हरित क्षेत्र के विस्तार, वायु गुणवत्ता में सुधार और पर्यावरण संरक्षण में जनभागीदारी को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा प्रारंभ किया गया ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान वृक्षारोपण को कृतज्ञता, जिम्मेदारी और पर्यावरण चेतना से जुड़े जनआंदोलन का स्वरूप देने में सफल रहा है। उन्होंने सभी नागरिकों से आह्वान करते हुए कहा कि वे केवल पौधे लगाने तक सीमित न रहें, बल्कि उनके संरक्षण और संवर्धन का संकल्प भी लें, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्वच्छ, हरित और स्वस्थ पर्यावरण सुनिश्चित किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार ने बीते वर्षों में प्रदूषण की गंभीर समस्या पर अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई, लेकिन वर्तमान सरकार ने पर्यावरण संरक्षण को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में रखा है। दिल्ली सरकार ने इस वर्ष 70 लाख पेड़-पौधे लगाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया है। सरकार का उद्देश्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि जियो-टैगिंग और उचित रख-रखाव के माध्यम से उनका 100 प्रतिशत संरक्षण सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण का यह अभियान केवल सरकार के प्रयासों से सफल नहीं हो सकता। इसके लिए जनभागीदारी आवश्यक है। इसी उद्देश्य से प्रत्येक ‘नमो ऑक्सीजन पार्क’ के लिए स्थानीय स्तर पर केयर-टेकिंग समितियां गठित की जाएंगी, ताकि नागरिक स्वयं इनके संरक्षण और रखरखाव में सहभागी बन सकें।
दिल्ली के पर्यावरण और वन एवं वन्यजीव मंत्री सरदार मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस के ऐतिहासिक अवसर पर इस पहल का उद्देश्य जनभागीदारी के माध्यम से हरित क्षेत्र का विस्तार करना, स्वच्छ पर्यावरण को बढ़ावा देना और स्वस्थ दिल्ली का निर्माण करना है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के दूरदर्शी नेतृत्व में दिल्ली विकास, समृद्धि और पर्यावरणीय स्थिरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। राजधानी में लगातार बढ़ रहा हरित क्षेत्र पर्यावरण संरक्षण और समग्र विकास के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का प्रमाण है।
