
योजना में अब ई-ट्रक, ई-बस और ई-एम्बुलेंस भी शामिल, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी मिलेगी सब्सिडी।
नई दिल्ली, 09 अगस्त (वार्ता): केंद्र सरकार ने देश में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) को बढ़ावा देने के लिए अपनी महत्वाकांक्षी पीएम ई-ड्राइव योजना को 2028 तक बढ़ा दिया है। इस विस्तार के साथ ही, सरकार ने योजना का दायरा भी बढ़ाया है, जिसमें अब न सिर्फ निजी इलेक्ट्रिक गाड़ियां बल्कि ई-ट्रक, ई-बस और ई-एम्बुलेंस जैसे व्यावसायिक वाहन भी शामिल होंगे। इसके अतिरिक्त, इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए जरूरी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी सब्सिडी दी जाएगी।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य देश में इलेक्ट्रिक वाहनों के निर्माण और उपयोग को बढ़ावा देना है, जिससे प्रदूषण कम हो सके और विदेशी तेल पर निर्भरता घटे। इस विस्तार के तहत, सरकार ने भारी वाणिज्यिक वाहनों के निर्माताओं और खरीदारों को सब्सिडी देने का फैसला किया है, जिससे लॉजिस्टिक्स और सार्वजनिक परिवहन में इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग बढ़ सके। चार्जिंग स्टेशनों के विकास पर जोर देने से यह सुनिश्चित होगा कि देश भर में इलेक्ट्रिक वाहनों को चार्ज करने की सुविधा आसानी से उपलब्ध हो।
निष्कर्ष: पीएम ई-ड्राइव योजना का विस्तार भारत को इलेक्ट्रिक वाहन क्रांति की ओर एक और कदम आगे बढ़ा रहा है, जिससे न केवल पर्यावरण को लाभ होगा बल्कि अर्थव्यवस्था में भी नई गति आएगी।
