जबलपुर: मप्र हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस सुरेश कुमार कैत व जस्टिस विवेक जैन की युगलपीठ ने एकलपीठ के उस आदेश को निरस्त कर दिया जिसके तहत अनावेदक रामप्यारे प्रजापति को प्राचार्य पद का प्रभार देने को सही ठहराया गया था। एकलपीठ के निर्णय के खिलाफ पन्ना की ऊषा सुनकर की ओर से अपील प्रस्तुत की गई।
अपील में कहा गया कि अपीलार्थी उच्च माध्यमिक शिक्षक के पद पर है और वह अनावेदक से वरिष्ठ है। न्यायालय ने कहा कि वरिष्ठ होने के नाते अपीलार्थी अपने कनिष्ठ कर्मी के अधीन कार्य नहीं कर सकती। अपीलार्थी की ओर से अधिवक्ता अक्षांश श्रीवास्तव ने पक्ष रखा।
