इस्लामाबाद, 07 जुलाई (वार्ता) पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में अरबों रुपये की लागत से बन रही बांध परियोजना की सुरक्षा में तैनात पुलिस दल पर मंगलवार को बंदूकधारियों के हमले में कम से कम नौ पुलिसकर्मियों की मौत हो गयी, जबकि कई अन्य लापता हैं। बीबीसी उर्दू ने अधिकारियों के हवाले से यह जानकारी दी। जियारत जिले के उपायुक्त अब्दुल कुद्दूस अचकजई ने बताया कि हमलावरों ने जियारत जिले में निर्माणाधीन मांगी बांध परियोजना की सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों पर अंधाधुंध गोलीबारी की। उन्होंने बताया कि मृतकों में दो वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी शामिल हैं। लापता पुलिसकर्मियों की तलाश के लिए सुरक्षा बलों ने व्यापक अभियान शुरू किया है।
अब तक किसी संगठन ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। बलूचिस्तान प्रशासन ने बताया कि हमले के बाद सुरक्षा बलों ने जियारत क्षेत्र में चलाये गये तलाशी अभियान के दौरान तहरीक-ए-पाकिस्तान तालिबान (टीटीपी) के 15 संदिग्ध आतंकवादियों को मार गिराया। घटना के विरोध में हमले के स्थान के निकट राष्ट्रीय राजमार्ग पर प्रदर्शन भी किये गये। पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने हमले की निंदा करते हुए कहा कि शहीद पुलिस अधिकारी ‘देश का गौरव’ थे। अधिकारियों के अनुसार मांगी बांध का निर्माण क्वेटा शहर में पेयजल संकट दूर करने के उद्देश्य से किया जा रहा है और पुलिस बल उसकी सुरक्षा में तैनात था। अफगानिस्तान और ईरान की सीमा से लगे बलूचिस्तान प्रांत में कई दशकों से अशांति बनी हुई है। क्षेत्र के उग्रवादी संगठन पाकिस्तान सरकार से अधिक स्वायत्तता की मांग करते रहे हैं।

