
उज्जैन। उज्जैन संभाग के देवास जिले में जैश ए मोहम्मद से जुड़े एक संदिग्ध आतंकी की गिरफ्तारी के बाद उज्जैन के विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर की सुरक्षा बढ़ाने की मांग उठाई गई है। उज्जैन के सांसद अनिल फिरोजिया ने इसे लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को शुक्रवार को ही पत्र लिखा है।
उन्होंने कहा कि देवास जिला उज्जैन संभाग में ही आता है और यहां से कोई दूर नहीं है। ऐसे में देवास में आतंकी गतिविधि में लोग सक्रिय पाए गए है। जिससे उज्जैन के महाकाल मंदिर में भी सुरक्षा के इंतजाम और बढ़ाए जाने की आवश्यकता है। यहां केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल सीआरपीएफ की तैनाती की मांग पूर्व में भी उठ चुकी है। सांसद फिरोजिया ने कहा कि महाकाल मंदिर में देशभर से लाखों लोग दर्शन के लिए प्रतिदिन उमड़ते हैं। भीड़ के बीच कोई संदिग्ध व्यक्ति भी प्रवेश कर सकता है। इसको ध्यान में रखकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाना चाहिए। वर्ष 2028 में सिंहस्थ महापर्व को भी ध्यान में रखते हुए भी शासन-प्रशासन को इस पर निर्णय लेना चाहिए। लगभग तीन महीने पहले भी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को वे इस आशय का पत्र लिख चुके हैं।
मंदिर में गार्ड, पुलिस व कर्मचारी संभालते हैं सुरक्षा की कमान-मंदिर में वर्तमान में निजी सुरक्षा एजेंसी के गार्ड, पुलिस के जवान और मंदिर समिति के कर्मचारी सुरक्षा की कमान मुख्य रूप से संभालते हैं। प्रशासन व समिति के अधिकारी इन्हें समय-समय पर निर्देश देते रहते हैं। इसके अलावा सुरक्षा बल के पुलिस जवान भी मंदिर में तैनात है। त्योहारों पर भीड़ नियंत्रण के लिए अतिरिक्त पुलिस जवान तैनात किए जाते है।
