इंदौर:साइबर ठग अब लोगों के भरोसे को ही हथियार बना रहे हैं. संयोगितागंज थाना क्षेत्र में ठगों ने इंग्लैंड में रहने वाले एक व्यक्ति का व्हाट्सएप अकाउंट हैक कर उसकी परिचित महिला को मेडिकल इमरजेंसी का झांसा दिया और मदद के नाम पर एक लाख रुपए अपने खाते में ट्रांसफर करा लिए. जब तक महिला को हकीकत का पता चलता, तब तक ठग रकम लेकर गायब हो चुके थे.
उषागंज छावनी में रहने वाली 38 वर्षीय राबिया खान ने पुलिस को बताया कि उनके मोबाइल पर 20 जून को उनके परिचित याकूब खान के व्हाट्सएप नंबर से मैसेज आया. मैसेज में मेडिकल इमरजेंसी बताते हुए तत्काल पैसों की जरूरत होने की बात लिखी थी और एक बैंक खाते में राशि भेजने के लिए कहा गया. परिचित को मुसीबत में समझकर राबिया खान ने 50-50 हजार रुपए के दो ट्रांजेक्शन कर एक लाख रुपए भेज दिए.
बाद में पता चला कि याकूब खान का व्हाट्सएप अकाउंट हैक हो चुका था और साइबर ठग उसी के नाम पर लोगों से पैसे मांग रहे थे. इसके बाद महिला ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. थाना प्रभारी केपी यादव का कहना है कि पुलिस लगातार नागरिकों से अपील करती है कि व्हाट्सएप, सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से पैसे मांगने वाला कोई भी संदेश मिलने पर बिना पुष्टि किए रकम ट्रांसफर न करें. पहले संबंधित व्यक्ति से सीधे फोन पर बात कर जानकारी की पुष्टि अवश्य करें, फिर भी मामले में कार्रवाई की जा रही है.
