सतना: स्थानीय कृषि उपज मंडी में व्यापारियों की सांकेतिक हड़ताल समाप्त होने के बाद बुधवार से अनाज की बोली दोबारा शुरू हो गई है। मंडी खुलते ही सुबह से ही बड़ी संख्या में किसान अपनी उपज लेकर पहुंचे, जिसके बाद दिनभर सुचारू रूप से खरीद-फरोख्त का काम चला।
कृषि उपज मंडी में बुधवार सुबह से ही चहल-पहल लौट आई। मंगलवार को मंडी में बोली पूरी तरह बंद थी, जिसकी वजह से कई किसान परेशान थे। कुछ किसान मंगलवार को ही अपना अनाज बेचने मंडी प्रांगण पहुंच चुके थे और रातभर इंतजार कर रहे थे। बुधवार सुबह जैसे ही मंडी खुली, व्यापारियों ने अनाज की बोली लगाना शुरू कर दिया। दिनभर चली इस प्रक्रिया से किसानों ने राहत की सांस ली और उनकी उपज सही दामों पर बिकी।
किसानों का नुकसान हमारा उद्देश्य नहीं
इस पूरे मामले पर गल्ला तिलहन व्यापारी संघ, सतना के मंत्री अजय कुमार बंसल ने स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि गल्ला तिलहन व्यापारी संघ की ओर से यह केवल एक सांकेतिक हड़ताल थी, ताकि राज्य शासन उनकी मांगों पर ध्यान दे और उचित निर्णय ले। हमारा उद्देश्य कभी भी किसानों को नुकसान पहुंचाना या उन्हें परेशान करना नहीं होता है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए, बुधवार से मंडी में अनाज की बोली दोबारा सामान्य रूप से शुरू कर दी गई, ताकि किसानों को अपनी फसल बेचने में कोई असुविधा न हो।
