
जबलपुर। पुलिस अधीक्षक (रेल) सुन्दर सिंह कनेश के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (रेल) भावना मरावी एवं पुलिस उप अधीक्षक अंकिता सुल्या के मार्गदर्शन में सीसीटीएनएस केस अंतर्गत थाना चौकी में पदस्थ विवेचकों को राज्य अपराध अभिलेख ब्यूरो द्वारा विवेचना हेतु प्रदाय टैबलेट में ई- विवेचना ऐप के संबंध में 1 दिवसीय प्रशिक्षण एसआरपी कार्यालय में आयोजित किया गया जिसमें ई -विवेचना , ई -साक्ष्य एवं ई रक्षक अंतर्गत उपलब्ध माड्यूल्स केस डायरी, आईआईएफ 2 अपराध विवरण फार्म, धारा 35(3) भारतीय नागरिक सुरक्षा संहित के तहत नोटिस, आईआईएफ -3 गिरफ्तारी पत्रक, आईआईएफ 4 संपत्ति जप्ती पत्रक, मेडिको लीगल केस एमएलसी निवारक कार्रवाई कलंदर प्रकरण, अज्ञात मृत शरीर अप्राकृतिक मृत्यु का पंजीकरण, पंचनामा विवरण जोडऩा, पोस्टमार्टम निवेदन की तैयारी के संबंध में विस्तृत जानकारी देकर डाटा क्वालिटी को मद्देनजर रखते हुये प्रभारी सीसीटीएनएस गोपाल सिंह राजपूत की उपस्थिति में आर राज कुमार अहिरवार एवं सीसीटीएनएस टीम द्वारा प्रशिक्षण दिया गया।
गुणवत्ता में हो सुधार
इस दौरान रेल पुलिस इकाई जबलपुर के समस्त थाना चौकी से कुल 20 विवेचकगण प्रशिक्षण में उपस्थित रहे। प्रशिक्षण के दौरान नवीन आपराधिक कानूनों के अंतर्गत डिजिटल विवेचना, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य संकलन, अपराध स्थल की वीडियोग्राफी, साक्ष्यों के सुरक्षित संधारण तथा संबंधित पोर्टलों/एप्लीकेशनों के प्रभावी उपयोग की विस्तृत जानकारी दी गई। ई साक्ष्य एवं डिजिटल साक्ष्य प्रबंधन जैसे विषय वर्तमान पुलिस कार्यप्रणाली में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। प्रशिक्षण में उपस्थित समस्त अधिकारियों को पोर्टल के व्यावहारिक संचालन, केस डायरी संधारण, डिजिटल साक्ष्य अपलोडिंग एवं तकनीकी प्रक्रियाओं का हैंड्स-ऑन अभ्यास भी कराया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य विवेचना की गुणवत्ता में सुधार, साक्ष्य संकलन की पारदर्शिता बढ़ाना तथा न्यायिक प्रक्रिया को अधिक प्रभावी एवं तकनीक आधारित बनाना रहा। प्रशिक्षण सत्र सफलतापूर्वक संपन्न हुआ एवं प्रतिभागियों द्वारा इसे अत्यंत उपयोगी बताया गया।
