देवसर : जिले के चितरंगी थाना क्षेत्र के बगैया बिक्का टोला में जमीन विवाद को लेकर हुई मारपीट और महिला की मौत के मामले में देवसर स्थित द्वितीय अपर सत्र न्यायालय ने अहम फैसला सुनाया है। न्यायालय ने आरोपी रमेश अगरिया को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के सश्रम कारावास तथा एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा न करने पर आरोपी को अतिरिक्त 15 दिन का कारावास भुगतना होगा।
लोक अभियोजक अधिकारी मारकण्डेय मणि त्रिपाठी के अनुसार 29 दिसंबर 2024 की शाम करीब 7 बजे ग्राम बगैया बिक्का टोला में जमीन विवाद को लेकर आरोपी रमेश अगरिया ने अंजनी कुमार अगरिया और उसकी पत्नी मन्ती अगरिया के साथ विवाद किया। आरोप है कि आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए लाठी, लात और मुक्कों से दोनों की पिटाई कर दी। हमले में अंजनी कुमार घायल हो गया, जबकि मन्ती अगरिया को सीने और पेट में गंभीर चोटें आईं। उपचार के दौरान 31 दिसंबर 2024 को उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में किडनी और स्प्लीन में गंभीर चोटों के कारण अत्यधिक रक्तस्राव से मौत होना पाया गया। मेडिकल रिपोर्ट और गवाहों के बयान के आधार पर पुलिस ने हत्या सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर न्यायालय में चालान पेश किया।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने पर्याप्त साक्ष्य प्रस्तुत किए, जिनके आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषसिद्ध माना। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश महेंद्र पाल सिंह की अदालत ने आरोपी को भारतीय न्याय संहिता की धारा 105 भाग-1 के तहत 10 वर्ष के सश्रम कारावास और धारा 115(2) के तहत तीन माह के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी। आरोपी 5 जनवरी 2025 से न्यायिक अभिरक्षा में जेल में निरुद्ध है। फैसले के बाद क्षेत्र में मामले को लेकर व्यापक चर्चा है।
