नयी दिल्ली 30 मार्च (वार्ता) पश्चिम बंगाल की राजनीति में विधानसभा चुनावी सरगर्मियों के बीच बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के विधायक काज़ी अब्दुल रहीम ने सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी में कांग्रेस का दामन थाम लिया। कांग्रेस महासचिव और पश्चिम बंगाल के प्रभारी गुलाम अहमद मीर ने पार्टी में शामिल होने पर उनका स्वागत करते हुए कहा कि श्री रहीम राज्य की राजनीति में एक जाना-माना नाम हैं और अपने क्षेत्र में जनसेवा के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने कहा कि श्री रहीम आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के साथ मिलकर अपने क्षेत्र के विकास और जनता की सेवा के लिए काम करना चाहते हैं।
ऐसा माना जा रहा हे कि बंगाल की बदुरिया विधानसभा सीट से तृणमूल कांग्रेस का टिकट न मिलने के बाद श्री रहीम ने यह फैसला लिया। कांग्रेस ने पार्टी परिवार में शामिल करते हुए उन पर भरोसा जताया कि श्री रहीने के आने से संगठन को मजबूती मिलेगी। गौरतलब है कि तृणमूल कांग्रेस के मौजूदा विधायक रहीम ने पार्टी की गतिविधियों से नाराज होकर रविवार को पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। मौजूदा विधायक होने के बावजूद तृणमूल कांग्रेस ने उन्हें टिकट नहीं दिया। इसलिए वह पार्टी से नाराज चल रहे थे। श्री रहीम ने पार्टी से इस्तीफा देने के साथ ही भावुक संदेश दिया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, “ मौजूदा राजनीतिक माहौल को देखते हुए मैं पार्टी के घोषित आदर्शों और उसकी वास्तविक हकीकत के बीच पैदा हुई गहरी खाई के साथ तालमेल नहीं बिठा सका।”

