पांढुरना:आगामी 26 जनवरी 2026 को गणतंत्र दिवस के अवसर पर देश की राजधानी दिल्ली में आयोजित होने वाले मुख्य समारोह में पांढुरना नगर के सरस्वती शिशु विद्या मंदिर के दो छात्र एवं दो आचार्य शामिल होंगे,आज स्कूल परिसर में जिला कलेक्टर नीरज वशिष्ठ के मुख्य आतिथ्य में आयोजित समारोह में इन छात्र तथा आचार्यों का सम्मान किया गया ।
गौरतलब हो कि नीति आयोग एवं अटल सारथी टीम के मार्गदर्शन में देश के अलग-अलग क्षेत्रों से ऐसे 100 छात्रों का चयन कर इन छात्रों को गणतंत्र दिवस के अवसर पर देश की राजधानी दिल्ली में आयोजित होने वाले मुख्य समारोह में शामिल होने का अवसर दिया जाता है। प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी नीति आयोग एवं अटल सारथी टीम द्वारा चयनित किए गए 100 छात्रों में पांढुरना नगर जिला मुख्यालय के सरस्वती शिशु विद्या मंदिर के दो छात्र जिसमें अर्पित डोंगरे एवं शिवम बालपांडे तथा दो आचार्य जिसमें देवराव बारंगे एवं राहुल गायधने का चयन होने से सरस्वती शिशु विद्या मंदिर परिवार में खुशी का वातावरण बना हुआ है।
इन चयनित छात्र एवं आचार्य का सम्मान करने के लिए नगर के सरस्वती शिशु विद्या मंदिर स्कूल परिसर में जिला कलेक्टर नीरज वशिष्ठ के मुख्य आतिथ्य में एक सादा किन्तु गरीमामयी कार्यक्रम आयोजित किया गया था,इस अवसर पर उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए जिला कलेक्टर श्री वरिष्ठ द्वारा कहा कि अटल टिंकरिंग लैब के माध्यम से और नीति आयोग के तत्वावधान में पांढुरना नगर के सरस्वती शिशु मंदिर के छात्रों का गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य कार्यक्रम में उपस्थित होने का अवसर मिलना इन छात्रों तथा इनके अभिभावकों के साथ ही सरस्वती शिशु विद्या मंदिर स्कूल परिवार के साथ ही पूरे जिले के लिए गौरव की बात है ।
उन्होंने कहा कि ऐसा अवसर पर सभी छात्रों को प्राप्त हो सकता है। बशर्ते है कि सभी बच्चों को सच्चे मन तथा लगन से इसके लिए परिश्रम करना होगा ।कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि के हस्ते मां सरस्वती के पूजन के साथ किया गया,इस अवसर पर संस्था के अध्यक्ष द्वारा जिला कलेक्टर का तिलक लगाकर तथा पुष्प गुच्छ भेट कर स्वागत किया गया। इस कार्यक्रम में रायसोनी विश्व विद्यालय सायखेडा के श्री राम जोशी,डा.अधीर गोयल,शुभम सिमरे,सरस्वती शिशु विद्या मंदिर संस्था के व्यवस्थापक जगदीश बुधराजा,अध्यक्ष दत्ता भाऊ बंसोड, सहसचिव विजयाताई बोबड़े,उपाध्यक्ष शरद बनसोडे,कोषाध्यक्ष शैलेष भाई शाह,समस्या प्रज्ञाताई बंसोड,प्राचार्य दिलीप राऊत,प्रधानाचार्य उल्हास राऊत,श्रीमती सुपीप कौर आदि प्रमुख रूप से उपस्थित थे ।
