
ग्वालियर। मकर संक्रांति के बाद एक बार फिर शहनाइयां बजने लगेंगी। अभी खरमास चल रहा है जो इस दिन समाप्त हो जाएगा। इसके अलावा मार्च में होली से पहले भी कुछ शुभ दिन मिलने वाले हैं।
अप्रैल, मई और जून के महीने में सबसे ज्यादा शादियां होंगी। इन महीनों में शादियों की भरमार रहने वाली है। इसके बाद जुलाई में देवशयनी एकादशी है। इस समय भगवान विष्णु पाताल लोक में शयन के लिए चले जाते हैं। यह समय चातुर्मास के नाम से पहचाना जाता है। जुलाई, अगस्त, सितंबर और अक्टूबर में कोई भी शादी या मांगलिक कार्य नहीं किया जाएगा।नवंबर में देवउठनी एकादशी के बाद शादियों का सीजन फिर शुरू होगा। नवंबर और दिसंबर में ऐसे कई मुहूर्त हैं, जब धूमधाम से विवाह किया जा सकता है।
*किस महीने कौन सी तारीख*
फरवरी के महीने में 5, 6, 8, 12 और 19 तारीख विवाह के लिए अनुकूल है। मार्च में 4, 5, 9 और 10 तारीख। अप्रैल में 27 और 30 तारीख। मई में 1, 3, 7, 8, 13 और 14 तारीख शुभ बताई जा रही है।
