मुंबई, 14 जुलाई (वार्ता) स्टार प्लस के लोकप्रिय धारावाहिक ‘उड़ने की आशा’ में सात साल के लीप के साथ कहानी नया मोड़ लेने जा रही है। अभिनेत्री नेहा हरसोरा का कहना है कि शो का यह नया अध्याय भावनाओं से भरपूर है और दर्शकों को सायली का बिल्कुल नया रूप देखने को मिलेगा। शो में सायली और रोशनी की प्रेग्नेंसी के दौरान एक मेडिकल इमरजेंसी के कारण जन्म के समय बच्चों की अदला-बदली हो जाती है। सायली और सचिन को अपना बच्चा मृत होने का विश्वास हो जाता है, जबकि उनका बेटा जीवित रहता है और रोशनी तथा तेजस उसे अपना बेटा बनाकर पालते हैं। सात साल बाद सायली और सचिन अपनी बेटी पूर्णा के साथ गणपतिपुले में नई जिंदगी बसा चुके हैं, लेकिन पुराने राज और छिपे सच एक बार फिर सामने आने लगते हैं।
नेहा हरसोरा ने कहा, “जब मैंने पहली बार इस लीप के बारे में सुना तो मैं भावुक हो गई। इससे एहसास हुआ कि जिंदगी कितनी अनिश्चित होती है। हम अपनी जिंदगी के लिए योजनाएं बनाते हैं, लेकिन कई बार किस्मत कुछ और ही तय कर चुकी होती है।”
उन्होंने कहा, “हर कलाकार अपने किरदार के नए सफर का इंतजार करता है। सायली की कहानी पढ़ते हुए मैं बार-बार सोचती रही कि उसने जिंदगी में इतना कुछ सहने के बाद भी आगे बढ़ने की ताकत कैसे जुटाई। कई दृश्य ऐसे थे, जिनकी भावनाएं कैमरा बंद होने के बाद भी मेरे साथ बनी रहीं।”
नेहा ने कहा, “सेट पर बच्चों के साथ काम करना मुझे अपना बचपन याद दिलाता है। उनकी मस्ती और शरारतें मेरे बचपन की खूबसूरत यादों को ताजा कर देती हैं। यह नया ट्रैक भावनाओं और अप्रत्याशित घटनाओं से भरा है तथा दर्शकों को सायली का एक नया रूप देखने को मिलेगा।”
‘उड़ने की आशा’ हर रोज़ रात 8:30 बजे स्टार प्लस पर प्रसारित होगा।

