
मुकुंदपुर जू प्रबंधन ने की विशेष तैयारियां, रेस्टोरेंट-होटलो में चल रही तैयारी, सुबह देवालयों में लगेगी भीड़
रीवा। नववर्ष 2026 के आगमन और वर्ष 2025 की विदाई में कुछ ही घंटो का इंतजार शेष है. इस बार नववर्ष के स्वागत और जश्न को लेकर सभी जगह तैयारी च रही है. रेस्टोरेंट, होटल एवं बीयर बार में सजावट के साथ ग्राहको को लुभाने के लिये कई आफर दिये गये है.
वही बाहर के कलाकारो कों बुलाया गया है जो नववर्ष के जश्न में चार-चांद लगाएगे. पर्यटक स्थलो पर भी विशेष तैयारी की गई है, साथ ही सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किये गये है. मुकुन्दपुर जू प्रबंधन ने व्हाइट टाइगर सफारी में विशेष तैयारियां की है ताकि पर्यटको को किसी तरह की असुविधा न हो. गौरतलब है कि वर्ष 2026 के स्वागत में तैयारियां चल रही है. 31 दिसम्बर को रंगारंग कार्यक्रम के साथ 2025 की विदाई होगी और रात 12 बजे नूतन वर्ष का स्वागत. सुरक्षा को लेकर पुलिस अभी से चौकन्ना हो गई है. रात्रि कालीन चेकिंग और गश्त बढ़ा दी गई है. इसके साथ ही पर्यटक स्थलो पर भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किये गये है. ताकि किसी तरह की दिक्कत न हो.
सप्ताहिक अवकाश में खुला रहेगा जू
वर्ष 2025 की विदाई और नव वर्ष 2026 के स्वागत के लिए महाराजा मार्तण्ड सिंह जूदेव व्हाइट टाइगर सफारी एण्ड जू, मुकुंदपुर पूरी तरह तैयार है. पर्यटकों की भीड़ की संभावना को देखते हुए जू प्रबंधन ने इस बार विशेष इंतजाम किए हैं. आमतौर पर प्रत्येक बुधवार को मुकुंदपुर जू का साप्ताहिक अवकाश रहता है. लेकिन इस बार 31 दिसंबर और एक जनवरी 2026 को पर्यटकों की सुविधा के लिए जू को खुला रखने का निर्णय लिया गया है. जू प्रबंधन द्वारा भीड़ को नियंत्रित करने और पर्यटकों की सुविधा के लिए व्यवस्थाएं की गई हैं.
मंदिर और पर्यटक स्थल पर उमड़ेगी भीड़
नववर्ष के दिन जिले के प्रसिद्ध मंदिर और पर्यटक स्थल पर भीड़ पहुंचती है. रीवा स्थित किला महामृत्युंजय मंदिर, देवतालाब शिव मंदिर, सांई मंदिर, घिनौची धाम, चिरहुला मंदिर, मनकामेश्वर मंदिर कोठी कम्पाउंड, खंधो माँ कालिका मंदिर सहित पर्यटक स्थलो में भीड़ पहुंचेगी. जहा सुरक्षा के इंतजाम किये गये है.
8 काउंटरो से मिलेगा पर्यटको को टिकट
इस संबंध में संचालक व्हाइट टाइगर सफारी ने बताया कि पर्यटकों को टिकट के लिए लंबी कतारों से बचने के लिए 8 काउंटर संचालित किए जाएंगे. वाहनों के लिए 4 अलग-अलग पार्किंग स्थल बनाए गए हैं. जू के कर्मचारियों के अलावा सतना और रीवा वनमण्डल से भी अतिरिक्त अधिकारियों और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है. सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन, चिकित्सा दल और फायर ब्रिागेड की टीमें भी मुस्तैद रहेंगी. संचालक द्वारा पर्यटकों के लिए एडवाइजरी भी जारी की गई है. पर्यटक जानवरों को परेशान न करें और न ही उन्हें बाहरी खाद्य सामग्री खिलाएं. जू के अंदर शोर न मचाने, निर्धारित रास्तों का ही उपयोग करने, अपने सामान की सुरक्षा स्वयं करने और बच्चों एवं बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की अपील पर्यटकों से की गई है. पर्यटक द्वारा निर्देशों का उल्लंघन वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 38 (जे) के तहत दंडनीय अपराध है, जिसमें तीन से सात वर्ष तक की सजा का प्रावधान है.
