
उज्जैन। छुट्टियां शुरू होते ही गुरुवार से उज्जैन के ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमडऩा शुरू हो गई। दर्शन के लिए सुबह से रात तक लंबी लाइन लगी रही। शाम 4 बजे तक 1 लाख व देर रात तक मंदिर में डेढ़ लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन कर लिए थे। क्रिसमस वेकेशन में देशभर से श्रद्धालु यहां बाबा महाकाल के दरबार में दर्शन के लिए पहुंचने लगे हैं। छुट्टियों के पहले दिन ही मंदिर में दर्शन के लिए भारी भीड़ व लंबी लाइन लग गई।
समिति के अधिकारियों ने बताया कि शाम के 4 बजे तक 1 लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन लाभ ले लिया था। रात 10 बजे तक 1.50 लाख के आसपास श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। भीड़ के चलते मंदिर क्षेत्र के बेगमबाग, महाकाल चौराहा, हरी फाटक ब्रिज, हरसिद्धि मंदिर चौराहे पर दिन भर जाम की स्थिति बनी रही। महाकाल मंदिर दर्शन के लिए अपने वाहनों से आने श्रद्धालुओं को मुसीबत का सामना करना पड़ा। मंदिर में आम श्रद्धालु मानसरोवर द्वार से प्रवेश कर टनल से गणेश मंडप से दर्शन बाद बड़ा गणेश मंदिर की ओर बने निर्गम मार्ग से बाहर निकल रहे। 250 की रसीद वाले श्रद्धालु बड़ा गणेश पर मोबाइल, जूता-चप्पल रखकर बैरिकेड्स टनल होकर गणेश मंडप से दर्शन कर रहे हैं। भीड़ को देखते हुए प्रसाद के लिए पूर्व के 8 काउंटरों के अतिरिक्त, बड़ा गणेश और विक्रमादित्य टीले के पास नए काउंटर खोले गए। भक्तों की सुविधा के लिए महाकाल अन्नक्षेत्र में भोजन व्यवस्था की गई।
1 जनवरी को भस्मारती अनुमति बंद
नववर्ष पर 1 जनवरी को महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मंदिर समिति द्वारा भस्मारती की ऑनलाइन व ऑफलाइन अनुमति बंद रखी जाएगी। श्रद्धालु केवल चलित दर्शन करेंगे। इसके अलावा 25 दिसंबर से 5 जनवरी तक भस्म आरती की ऑनलाइन बुकिंग बंद रहेगी व ऑफलाइन चालू रहेगी। इस दौरान चलित दर्शन भी होंगे।
बिना खटाई के 156 पकवानों का भोग
संतोषी माता मंदिर में शुक्रवार को विशेष महोत्सव में वल्र्ड रिकॉर्ड बनेगा। मंदिर के पुजारी मनोज पुरी गोस्वामी ने बताया पहली बार माता को 156 पकवानों का महाभोग लगाया जाएगा। वह भी बिना खटाई का। मंदिर प्रांगण में श्री अगस्त्येश्वर महादेव को भी भोग लगेगा। शृंगार के बाद शाम 6 बजे ढोल-ढमाकों से महाआरती की जाएगी। इसके पश्चात नगर भोज में श्रद्धालु महाप्रसादी ग्रहण करेंगे।
