
ग्वालियर। आगरा-मुंबई नेशनल हाईवे पर एक एम्बुलेंस खड़े ट्रक से टकरा गई। हादसे में एम्बुलेंस में सवार भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के दो जवानों की मौत हो गई। हादसे में मृतक की पत्नी सहित चार जवान गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा घाटीगांव वन चैकी के पास हुई। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मृतक व घायलों को उठाकर अस्पताल भेजा। पुलिस ने जांच के बाद ट्रक को जब्त कर लिया है।
शिवपुरी से बीमार जवानों को एम्बुलेंस में लेकर आईटीबीपी (इंडियन-तिब्बत बॉर्डर फोर्स) के कुछ जवान ग्वालियर आ रहे थे। एम्बुलेंस चालक तेज रफ्तार से वाहन चला रहा था। जैसे ही एम्बुलेंस वन चैकी घाटीगांव के सामने पहुंची, वह हाईवे पर खड़े ट्रक से टकरा गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। राहगीरों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया, जहां आईटीबीपी के 40 वर्षीय जवान राजू बाल्मीकि को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। हादसे में राजू की पत्नी 35 वर्षीय सविता, 36 वर्षीय मनोज पुत्र विनोद कुमार शर्मा, 35 वर्षीय रामकिशोर पुत्र बलराम कुशवाहा, 35 वर्षीय विमल खंगार और 34 वर्षीय दिनेश जाटव घायल हो गए। पुलिस ने सभी घायलों को जेएएच के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान घायल जवान मनोज शर्मा ने भी दम तोड़ दिया।
एम्बुलेंस में सवार सभी पांच जवान अलग-अलग कारणों से बीमार थे। सभी को शिवपुरी से ग्वालियर इलाज के लिए भेजा जा रहा था, पर हाईवे पर एम्बुलेंस चालक की रफ्तार के चलते यह हादसा हुआ। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर कोहरा अधिक था, जिस कारण तेज रफ्तार में आ रही एम्बुलेंस के चालक को हाईवे पर खड़ा ट्रक नजर नहीं आया। जबकि कुछ स्थानीय लोगों का कहना है कि एम्बुलेंस चालक की झपकी लगने से यह हादसा हुआ है। इस मामले में एएसपी सुमन गुर्जर ने बताया कि सड़क हादसे में दो आईटीबीपी जवानों की मौत हुई है। हादसे में चार लोग घायल हुए हैं। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।
