कोलकाता, 11 दिसंबर (वार्ता) कोलकाता पुलिस ने गत रविवार को ब्रिगेड परेड ग्राउंड में गीता पाठ के दौरान दो विक्रेताओं के साथ मारपीट करने के आरोप में तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया है।
शहर पुलिस ने यह कार्रवाई तब की जब दो मुस्लिम विक्रेता चिकन पैटीज बेच रहे थे। तभी तीन आरोपियों ने उन पर हमला किया और उन्हें पीटा। गिरफ्तार किए गए लोगों में से एक शारीरिक रूप से विकलांग था।
कोलकाता पुलिस ने एक वायरल वीडियो क्लिप देखने के बाद बुधवार रात को उन्हें उनके घरों से पकड़ा। गिरफ्तार सौमिक गोल्डर, तरुण भट्टाचार्य और स्वर्णेंदु चक्रवर्ती को पूछताछ के लिए आगे की पुलिस रिमांड मांगने के लिए शहर की बैंकशाल अदालत में पेश किया गया।
ताजा रिपोर्ट के अनुसार बैंकशाल कोर्ट के जज ने उन्हें गिरफ्तारी के 12 घंटे के भीतर 1,000 रुपये के पर्सनल बॉन्ड पर रिहा कर दिया।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी नादिया के कृष्णानगर में एक रैली को संबोधित करते हुए यह मामला उठाया और चेतावनी दी कि ‘यह उत्तर प्रदेश नहीं बल्कि पश्चिम बंगाल है।’ सुश्री बनर्जी ने हमले का जिक्र करते हुए कहा, ”यह पश्चिम बंगाल है। यूपी नहीं है। इस तरह की चीज यहां बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
मुख्यमंत्री ने हमले की निंदा करते हुए कहा, “सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।”
विपक्ष के नेता शुवेंदु अधिकारी ने मांग की कि विक्रेताओं को भी गिरफ्तार किया जाना चाहिए क्योंकि उन्होंने अपनी पहचान छिपाई और चिकन पैटीज को वेज पैटीज बताकर बेचा।
