
आमला। काली विसर्जन जुलूस में हुए पथराव की घटना का आमला पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस अधीक्षक बैतूल वीरेंद्र जैन के निर्देशन में की गई जांच में पता चला कि घटना किसी साम्प्रदायिक कारण से नहीं बल्कि दो नाबालिग स्कूली छात्रों के आपसी झगड़े के कारण हुई थी।
1 नवंबर को पीरमंजिल तिराहे पर हुए पथराव में प्रफुल्ल तोमर घायल हुए थे। जांच में सामने आया कि 14 वर्ष आयु के दो छात्रों के बीच हुई कहासुनी के दौरान उन्होंने एक-दूसरे पर पत्थर फेंके, जिनमें से एक पत्थर प्रफुल्ल तोमर को लग गया। दोनों नाबालिगों ने घटना स्वीकार कर ली है और उनके विरुद्ध आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
कार्रवाई में थाना प्रभारी राजेश सातनकर समेत थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
एसपी वीरेंद्र जैन ने अपील की कि किसी भी घटना को बिना सत्यापन के साम्प्रदायिक रूप न दें और भ्रामक सूचनाओं से दूर रहें। शांति और सौहार्द्र बनाए रखना हम सबकी जिम्मेदारी है।
