इंदौर:खजराना क्षेत्र में चाकू मारकर की गई हत्या के एक मामले में पूरा मुकदमा उस समय कमजोर पड़ गया, जब मृतक का ही भाई जिसने घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई थी ट्रायल के दौरान पलट गया. प्रमुख गवाहों के मुकरने और ठोस साक्ष्य पेश न हो पाने के कारण अदालत ने सभी छह आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया.मामला 9 जून 2021 की रात करीब दस बजे जल्ला कॉलोनी का है.
जानकारी के अनुसार ट्रैवल्स व्यवसाय से जुड़े वकील मंसूरी की घर के पास चाकू घोंपकर हत्या कर दी गई थी. घटना से तीन दिन पहले मकान पर पत्थर फेंकने को लेकर वकील मंसूरी की पड़ोस में रहने वाले एक युवक से कहा-सुनी हुई थी. आरोप था कि इसी विवाद के बाद कुछ युवकों ने मिलकर हमला किया और वारदात के बाद मौके से फरार हो गए. पुलिस ने प्रकरण में छह व्यक्तियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर कोर्ट में चालान पेश किया था.
लेकिन सुनवाई के दौरान मृतक के भाई निसार मोहम्मद ने अदालत में पूर्व में दिए कथनों का समर्थन नहीं किया. प्रत्यक्षदर्शी गवाह भी आरोपियों की पहचान नहीं कर सके. अभियोजन पक्ष अतिरिक्त साक्ष्य भी उपलब्ध नहीं कर पाया, जिससे आरोप पुष्ट हो सकें. इन परिस्थितियों में अपर सत्र न्यायाधीश सुनील अहिरवार की कोर्ट ने शाहरुख उर्फ लाला, तालिब उर्फ तालिया, मुशर्रफ मिर्जा, सोहेल उर्फ बाबू, शाहरुख उर्फ बागड़ी और मोहम्मद समीर उर्फ कटैया सभी को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया.
