
हरपालपुर। शहर की सुरक्षा और विकास से जुड़ी बुनियादी व्यवस्थाएं इस समय गंभीर संकट से गुजर रही हैं। नगर की फायर सर्विस बदहाल स्थिति में है, जिससे आगजनी की घटनाओं पर काबू पाना मुश्किल हो रहा है। फायर स्टेशन और फायर ब्रिगेड के लिए न तो भवन है, न ही पर्याप्त स्टाफ। मजबूरी में फायर वाहन खुले आसमान के नीचे पुलिस स्टेशन या बस स्टैंड पर खड़े किए जाते हैं। वहीं प्रशिक्षित फायर फाइटर न होने के कारण आगजनी के वक्त हालात और भी भयावह हो जाते हैं।
स्थानीय नागरिक महेश राय, विनोद वर्मा, कौशल तिवारी और योगेन्द्र सिंह ने 15वें वित्त आयोग से फायर स्टेशन भवन निर्माण के लिए करीब 2 करोड़ रुपए के बजट, भूमि आवंटन और राशि स्वीकृति की मांग की है।
इसके साथ ही, तेजी से बढ़ रही इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या के बावजूद नगर में एक भी सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन नहीं है। वाहन मालिकों को अपने घरों के मीटर से ही वाहन चार्ज करना पड़ रहा है, जिससे बिजली बिल में भारी वृद्धि हो रही है। नागरिकों ने स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने और पर्यावरण संरक्षण के लिए नगर में इलेक्ट्रिक चार्जिंग स्टेशन शीघ्र स्थापित करने की भी मांग ऊर्ज़ा विभाग से की है।
