जम्मू, 15 अगस्त (वार्ता) जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के पद्दार के चोसिटी गाँव में बादल फटने की घटना में दो केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) कर्मियों सहित 46 लोगों के हताहत होने की पुष्टि हुयी है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने कहा, “अब तक 46 लोगों को मृत घोषित किया गया है और उनमें से 21 की पहचान हो गयी है।”
उन्होंने बताया कि 100 से ज़्यादा लोग घायल हैं और गंभीर रूप से घायल 51 लोगों को जम्मू के सरकारी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होंने कहा, “लगभग 165 लोगों को बचा लिया गया है, जबकि उनके रिश्तेदारों के अनुसार लगभग 65 लापता लोगों की तलाश के लिए खोज और बचाव अभियान जारी है।”
अधिकारियों ने बताया कि सोशल मीडिया की मदद से 21 शवों की पहचान हो गयी है। उन्होंने कहा, “लापता लोगों के रिश्तेदारों और परिवार के सदस्यों के साथ जानकारी साझा करने के लिए पद्दार में एक हेल्प डेस्क सेंटर भी स्थापित किया गया है।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से भी बात की और स्थिति की समीक्षा की।
प्रधानमंत्री ने ‘एक्स’ पर लिखा, “किश्तवाड़ में बादल फटने और बाढ़ के बाद की स्थिति पर जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से बात की। अधिकारी प्रभावित लोगों की सहायता के लिए जमीनी स्तर पर काम कर रहे हैं।”
केंद्रीय मंत्री और कठुआ-उधमपुर संसदीय क्षेत्र से सांसद डॉ. जितेंद्र सिंह के चोसिटी गाँव का दौरा करने की उम्मीद है।
अधिकारियों ने बताया कि पीजीआई चंडीगढ़ से विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीमें भी चोसिटी गाँव पहुँच रही हैं। उन्होंने बताया कि अचानक आई बाढ़ में 16 घर और सरकारी परिसर, तीन मंदिर, पनचक्की, एक पुल और लगभग 20 वाहन भी क्षतिग्रस्त हुए हैं।
गौरतलब है कि किश्तवाड़ जिले के सुदूरवर्ती गाँव चोसिटी में गुरुवार को हुए बादल फटने से दो सीआईएसएफ कर्मियों सहित 46 लोगों की मौत हो गयी। इस त्रासदी में मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। जब यह त्रासदी घटी उस समय पद्दार में श्री मचैल माता की वार्षिक तीर्थयात्रा चल रही थी, तभी श्रद्धालु सामुदायिक रसोई के लिए चोसिटी गाँव में रुके हुए थे (जो यात्रा का अंतिम पड़ाव है)।
उन्होंने बताया कि 25 जुलाई से शुरू होकर 05 सितंबर को समाप्त होने वाली मचैल यात्रा भी बादल फटने के कारण स्थगित कर दी गई है। 9,500 फुट ऊंचे मंदिर तक 8.5 किलोमीटर की यात्रा चोसिटी से शुरू होती है।
अधिकारियों ने बताया कि एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, पुलिस, सेना की टीमें स्थानीय लोगों के साथ मिलकर बचाव अभियान चला रही हैं।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बादल फटने से हुई मौतों के बाद शुक्रवार को स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान ‘एट होम’ चाय पार्टी और सांस्कृतिक कार्यक्रम रद्द कर दिए है।
उन्होंने ‘एक्स’ पर ‘एक पोस्ट में कहा, “किश्तवाड़ में बादल फटने से हुई त्रासदी को देखते हुए, मैंने ‘एट होम’ चाय पार्टी रद्द करने का फैसला किया है।”
