
जबलपुर: किसानों की मांग को देखते हुए प्रशासन द्वारा यूरिया वितरण की तैयारी पूरी कर ली गई है। जिसमें आज 6 अगस्त को डबल लोक केंद्रों से यूरिया का वितरण किया जाएगा।गौरतलब है कि जिले में कुल 1710 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध है, जिसमें 7 डबल लॉक केंद्रों पर 710 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध है, जहां पर किसानों के लगभग 6950 टोकन बुक है। वहीं इसके विपरीत प्राइवेट केंद्रों पर 600 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध कराई गई है, देखा जाए तो सिर्फ 100 मीट्रिक टन ही फर्क सामने आ रहा है। डबल लॉक वितरण केंद्र पर बड़ी संख्या में किसान टोकन बुक करते हैं, लेकिन यूरिया कम पड़ जाती है। जिसके कारण मजबूरन किसानों को प्राइवेट केंद्रों में जाकर अधिक दाम देकर यूरिया खरीदनी पड़ती है।
तीन भागों में वितरित हुई है यूरिया
जिले में कुल 1710 मीट्रिक टन यूरिया की व्यवस्था की गई है, जिसके लिए सभी केंद्रों पर कुल मिलाकर 38000 बैग उपलब्ध हैं। जो किसानों को वितरित किया जाएगा। लेकिन इन 1710 मीट्रिक टन में से 710 डबल लॉक तो 600 मीट्रिक टन यूरिया प्राइवेट केंद्रों पर उपलब्ध है। साथ ही 400 मीट्रिक टन यूरिया सहकारी समितियों को मिली है।
लेकिन सहकारी समितियों में कोई टोकन की व्यवस्था नहीं है और प्रशासन द्वारा यह सख्त आदेश है कि बिना टोकन किसी भी किसान को खाद उपलब्ध नहीं होगी, जिसके कारण किसान डबल लॉक केंद्र से ही खाद खरीदते हैं।
डबल लॉक पर ही व्यवस्था कम क्यों..?
प्रशासन द्वारा यह सुनिश्चित किया गया है कि वितरण में पारदर्शिता बनी रहे और किसी भी किसान को असुविधा न हो। एक ओर प्रशासन द्वारा खाद की कालाबाजारी और किसानों को परेशानी से बचने के लिए डबल लॉक वितरण केंद्र से ही किसानों को खाद वितरित करता है। लेकिन दूसरी ओर डबल लॉक में ही कम मात्रा में खाद मिलती रहती है, जिसके कारण किसान टोकन बुक करके लाइन में तो लगा रहता है, फिर खाद खत्म हो जाने के कारण खाली हाथ ही लौट जाता है।
इनका कहना है
टोकन के हिसाब से ही सभी किसानों को खाद मिलेगी, इसके लिए पर्याप्त मात्रा में यूरिया उपलब्ध है। सहकारी समितियां में भी 400 मीट्रिक टन यूरिया दी गई है, यहां से किसान यूरिया खरीद सकते हैं।
हीरेंद्र रघुवंशी, डीएमओ
