
इंदौर. शहर में पालदा से आरटीओ कार्यालय जाने वाले रास्ते पर सड़क गायब हो चुकी है. यह सड़क करीब तीन किलोमीटर लंबी है, जिसमें गड्ढों की भरमार है. खास बात यह है कि उक्त सड़क पर करीब 15 कॉलोनियां और सैकड़ों मल्टी स्टोरी बिल्डिंग है. कॉलोनियों और बहुमंजिला इमारतों में हजारों रहवासी रहते है, जो रोज जान हथैली पर रखकर आते जाते हैं. इस मामले को लेकर प्रशासन , नगर निगम और जनप्रतिनिधि बेसुध है.
पालदा तिराहे से बायपास को जोड़ने वाली तीन किलोमीटर लंबे रास्ते पर गड्ढे ही गड्डे है. उक्त सड़क केके पीडब्ल्यूडी ने पिछले साल टेंडर किया था, लेकिन सड़क निर्माण आज तक शुरू नहीं हुआ है. अभी बारिश ठीक से शुरू नहीं हुई है, किंतु जरा से पानी में गड्ढों के अलावा सड़क नहीं बची है. गड्ढों के कारण न केवल वाहन चालकों को बहुत परेशानी हो रही है, बल्कि आए दिन दुर्घटना होने का हमेशा ख़तरा बना रहता है. स्थानीय रहवासी और व्यापारियों का कहना है कि यह समस्या पिछले कई सालों से बारिश में इतनी ज्यादा हो जाती है कि घर और ऑफिस आना जाना दुभर हो जाता है. सड़क पर गड्ढे इतने गहरे हो गए हैं कि दोपहिया वाहन चालकों को संतुलन बनाए रखना मुश्किल हो जाता है. रात में दुर्घटना का डर ओर भी बढ़ जाता है.
हो सकता है बड़ा हादसा
उक्त सड़क से रोज़ाना आरटीओ जाने वाले सैकड़ों लोग, स्कूल बसें और ट्रक गुज़रते हैं. नागरिकों ने नगर निगम और संबंधित विभाग से कई बार शिकायत की, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है. समय रहते सड़क की जल्द से जल्द मरम्मत नहीं कि तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा होना तय है.
