गुना: गुना शहर सहित जिलेभर में सोमवार को आंधी-तूफान ने जमकर तांडव मचाया। जिले के ग्रामीण अंचलों में जारी विवाह सम्मेलनों में लगाए गए टेंट उड़ गए। हनुमान चौराहे पर तोरण द्वार धराशायी हो गए। वहीं मैरिज गार्डनों में भी विवाह समारोह के दौरान अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।जिले में सोमवार दोपहर करीब 11.30 बजे तक धूप खिली हुई थी। लेकिन 12 बजते-बजते अचानक मौसम में बड़ी तब्दीली आई और अचानक तेज हवाएं चलना शुरु हुईं, जो धीरे-धीरे तूफान में बदल गईं।
दोपहर तक पूरा बाजार खुल चुका था। लेकिन जैसे ही आंधी-तूफान सक्रिय हुआ दुकानदारों के बोर्ड सड़कों पर गिरने लगे। धूल भरी हवाएं चलने से वाहनों के पहिए थम गए। दुकानदार फुटपाथ पर रखा अपना सामान बचाने के लिए दौड़े। बाजार में आए ग्राहक भी अचानक यहां-वहां भागने लगे, ताकि आंधी और तूफान से बचा जा सके। इसी बीच हनुमान चौराहे पर एक संगठन द्वारा लगाए गए तोरण द्वार धराशायी हो गए और कुछ हवा में लटक गए।
जिनके नजदीक से निकलने के दौरान लोग अपनी जान जोखिम में डालते नजर आए। कुछ पहले तक वाहनों की चहल-पहल से गुलजार रहने वाला हनुमान चौराहा, जयस्तम्भ चौराहे पर अचानक सन्नाटा पसर गया। लगभग आधा घंटे तक आधी और तूफान चलने के बाद अचानक बारिश होने लगी। तूफान और बारिश का सबसे ज्यादा असर जिले के ग्रामीण अंचलों में जारी विवाह सम्मेलनों में देखने को मिला। गुना से लगभग 12 किलोमीटर दूर नयागांव में लोधा-लोधी समाज के विवाह सम्मेलन के लिए लगाए गए टेंट आंधी से उडऩे लगे। कुछ इसी तरह के हालात महूगढ़ा में भी देखने को मिले।
