
उज्जैन: नगर निगम द्वारा पर्यावरण संरक्षण को लेकर ग्रीन फ्यूल बनाएगा. इसके लिए सिटी फारेस्ट में पीपीपी मॉडल पर 7 करोड़ की लागत से प्लांट लगाया जा रहा है. ग्रीन फ्यूल, कोयले का वैकल्पिक ईंधन होगा. इससे निगम को रॉयल्टी भी मिलेगी.इसके तहत शहर से निकलने वाले ग्रीन वेस्ट (जैविक अपशिष्ट) को प्रोसेसिंग कर पाउडर फॉर्म में परिवर्तित किया जाएगा. पावडर से ‘वुडन पैलेट’ बनाए जाएंगे. ग्रीन फ्यूल वुडन पैलेट का उपयोग कोयले के वैकल्पिक ईंधन के रूप में होगा.
इससे पर्यावरण की सुरक्षा के साथ अपशिष्ट प्रबंधन भी बेहतर ढंग से किया जा सकेगा. नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा ने सिटी फॉरेस्ट परिसर योजना 78 में ग्रीन फ्यूल स्थल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने प्लांट की संभावनाओं, संरचना, संसाधन उपलब्धता और परियोजना के विषय में पर अधिकारियों से चर्चा की. बताया जा रहा है कि उक्त प्लांट सार्वजनिक-निजी भागीदारी के तहत लगभग 7 करोड़ रुपए की लागत से तैयार किया जाएगा. नगर निगम को इस प्लांट से 3 रुपए प्रति किलो की दर से रॉयल्टी मिलेगी, जो राजस्व बढ़ाने में सहायक होगा.
