
अनूपपुर, नवभारत। छत्तीसगढ़ से अनूपपुर जिले में दोबारा प्रवेश करने वाले चार जंगली प्रवासी हाथियों का दल गुरुवार देर शाम धनगवा के जंगल से निकलकर जैतहरी नगर से गुजरते हुए शुक्रवार सुबह गोबरी बीट के जंगल पहुंच गया। हाथियों की आवाजाही के दौरान वन विभाग, पुलिस और ग्रामीण पूरी रात सतर्क रहे, जिससे कोई बड़ी अप्रिय घटना नहीं हुई। जानकारी के अनुसार हाथियों का दल 24 जून की रात करीब 8.50 बजे छत्तीसगढ़ के मरवाही क्षेत्र से अनूपपुर जिले की जैतहरी वन परिक्षेत्र की चोलना बीट में प्रवेश किया। इसके बाद चोलना, बचहाटोला, छातापटपर, पड़रिया और चोई होते हुए गुरुवार सुबह धनगवा बीट के आयापानी जंगल में दिनभर विश्राम किया। देर शाम हाथियों का दल जंगल से निकलकर कुसमहाई, पटौराटोला, लहरपुर होते हुए जैतहरी नगर पहुंचा। इस दौरान हाथियों ने सम्राट होटल क्षेत्र, बस स्टैंड और रेलवे लाइन पार की तथा नगर के बंजारी टोला और वार्ड क्रमांक-15 से गुजरते हुए शुक्रवार सुबह तिपान नदी पार कर गोबरी बीट के झुरही तलैया जंगल में पहुंचकर विश्राम किया।
दो मकानों और फसलों को पहुंचा नुकसान
हाथियों के दल ने पिछले तीन दिनों के दौरान दो मकानों में तोड़फोड़ की। साथ ही कई किसानों के खेतों और बाड़ियों में लगी सब्जियां, फसलें, आम और कटहल के पेड़ों को नुकसान पहुंचाते हुए उन्हें अपना आहार बनाया। हाथियों की गतिविधियों पर वन विभाग, पुलिस विभाग तथा ग्रामीणों ने लगातार नजर बनाए रखी। ग्रामीणों को समय-समय पर सतर्क किया गया, जिसके चलते किसी भी प्रकार की जनहानि या गंभीर अप्रिय घटना नहीं हुई।
हाथियों पर हमला करने वाले युवक पर कार्रवाई की मांग
घटना के दौरान 25 जून की रात लगभग 11.45 से 12 बजे के बीच जैतहरी नगर के मुख्य मार्ग पर एक युवक हाथियों पर लंबे डंडे से हमला करने और उन्हें उकसाने का प्रयास करता दिखाई दिया। वन्यजीव संरक्षण से जुड़े लोगों ने ऐसे व्यक्ति की पहचान कर उसके विरुद्ध वन्यजीवों के साथ दुर्व्यवहार और हमला करने के मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। वन विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि हाथियों के विचरण क्षेत्र से सुरक्षित दूरी बनाए रखें, उन्हें किसी भी प्रकार से उकसाने का प्रयास न करें तथा हाथियों की सूचना मिलने पर तत्काल वन विभाग या पुलिस को अवगत कराएं।
