नयी दिल्ली, 17 जून (वार्ता) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बुधवार को बताया कि उसने धन शोधन निवारण अधिनियम के तहत जेटक सोफ्टेक प्राइवेट लिमिटेड और अन्य से जुड़े एक जारी धन शोधन मामले की जांच के संबंध में जब्ती का आदेश प्राप्त कर लिया है।
प्रवर्तन निदेशालय के अनुसार, यह जांच स्वापक औषधि और मनःप्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत मनःप्रभावी पदार्थों की अवैध तस्करी के एक दर्ज अपराध के आधार पर शुरू की गयी थी। इस मामले में आरोपी अमित कुमार और अर्चना शर्मा ने कथित तौर पर अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के माध्यम से अपराध की भारी कमाई अर्जित की थी, जिसे बाद में मेसर्स फार्मा ग्लो सहित कई संपत्तियों और संस्थाओं के माध्यम से विभिन्न स्तरों पर घुमाया और छुपाया गया था।
प्रवर्तन निदेशालय ने कहा कि जांच के दौरान लगभग 6.57 करोड़ रुपये की संपत्ति को अस्थायी रूप से कुर्क किया गया था। इनमें से, मेसर्स फार्मा ग्लो से जुड़े दो बैंक खातों, जिनका मूल्य लगभग 60 लाख रुपये है, को अब अधिनियम की धारा 8 (7) के तहत विशेष न्यायालय, धन शोधन निवारण अधिनियम, गुरुग्राम द्वारा जब्त करने का आदेश दिया गया है।
एजेंसी ने कहा कि अमित कुमार और अर्चना शर्मा फरार हैं और उन्हें अदालत द्वारा घोषित अपराधी घोषित किया जा चुका है। मामले में आगे की कार्यवाही जारी है।
