जबलपुर: मप्र हाईकोर्ट में आज बुधवार 13 मई से ओबीसी आरक्षण को लेकर अंतिम स्तर की सुनवाई होगी। दरअसल चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा व जस्टिस विनय सराफ की युगलपीठ के समक्ष ओबीसी आरक्षण के मामले पर अंतिम सुनवाई विगत दिनों टल गई थी। सुप्रीम कोर्ट की याचिकाओं का रिकार्ड पेश नहीं होने के कारण यह कदम उठाया गया था। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने राज्य शासन को सुप्रीम कोर्ट से रिकॉर्ड ट्रांसफर कराने के निर्देश दिए थे। ये दस्तावेज अपलोड होने के बाद ही सुनवाई शुरू होने की व्यवस्था दी गई थी। कोर्ट ने 13, 14 और 15 मई को अंतिम सुनवाई करने के निर्देश दिए थे।
उक्त मामले में सुप्रीम कोर्ट से ट्रांसफर हुई चार लंबित याचिकाओं की अब तक लिस्टिंग नहीं की गई थी। ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई 27, 28 और 29 अप्रैल को लगातार होनी थी, लेकिन दूसरे दिन ही तकनीकी कारणों के चलते यह टल गई। 27 अप्रैल को कोर्ट ने सभी पक्षों केहै अधिवक्ताओं के लिए बहस की समय सीमा तय कर दी थी। 28 अप्रैल को हुई सुनवाई के दौरान महाधिवक्ता ने हाईकोर्ट में जीएडी का 27 अप्रैल 2026 का आदेश प्रस्तुत किया। इसमें बताया गया था कि सुप्रीम कोर्ट के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता और एडिशनल सॉलिसिटर जनरल केएम नटराज सरकार की ओर से पक्ष रखेंगे।
