
भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव की अध्यक्षता में बुधवार को मंत्रालय में मंत्रि-परिषद् की बैठक राष्ट्रगीत वंदे मातरम् के सामूहिक गायन के साथ शुरू हुई। बैठक में स्वास्थ्य सुविधाओं को और मानवीय बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल पर विचार किया गया।सरकार प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में मरीजों के साथ आने वाले परिजनों के लिए शेल्टर होम विकसित करने की योजना पर काम कर रही है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, वर्तमान में प्रदेश में 20 सरकारी मेडिकल कॉलेज संचालित हैं, जहां दूर-दराज के जिलों से बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। इनमें गंभीर मरीजों के साथ आने वाले परिजनों को ठहरने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
इसी समस्या के समाधान के लिए मेडिकल कॉलेज परिसरों में ही परिजनों के लिए ठहरने की व्यवस्था विकसित करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इसके साथ ही निर्माणाधीन 9 नए मेडिकल कॉलेजों में भी यह सुविधा शुरू से ही उपलब्ध कराने की योजना है, जिन्हें वर्ष 2028 तक चालू किया जाना प्रस्तावित है।बैठक में मंडला जिले में नए मेडिकल कॉलेज को स्वीकृति देने के प्रस्ताव पर भी चर्चा होने की संभावना जताई गई। यह पहल प्रदेश में स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।
