इंदौर: हीरानगर थाना क्षेत्र में टी शर्ट और रेडीमेड गारमेंट्स कारोबार के नाम पर करोड़ों रुपए की ठगी का मामला सामने आया है. आरोपियों ने बड़ी कंपनियों और धार्मिक संस्थान के नाम पर निवेश का लालच देकर कई लोगों से रकम ली. पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है.पुलिस अधिकारी प्रियंका डुडवे ने बताया कि फरियादी भावेश देवगीर ने शिकायत की है कि उसके परिचित अंकित जोशी, उसकी पत्नी खुशबु झा, अनुज जोशी, माता पिता रमेश जोशी और जमुना जोशी तथा पार्टनर संदीप साहू मिलकर फर्म चलाते थे. इन लोगों ने एमआईजी सुखलिया स्थित एक ही ऑफिस से द क्लासिको ऑफिशियल, वाइब्रेंड फैशन, कुशांक इंडस्ट्रीज और शिवांक इंटरप्राइजेस के नाम पर अलग-अलग फर्म संचालित कर निवेश के नाम पर लोगों से पैसा लिया.
शिकायत के मुताबिक आरोपियों ने डी मार्ट, बड़े स्कूलों और महाकाल मंदिर के लिए टीशर्ट और कपड़े सप्लाई करने का झांसा दिया. इसके लिए फर्जी कोटेशन तक दिखाए गए और इसी आधार पर लाखों रुपए इकट्ठा कर लिए. फरियादी का आरोप है कि केवल डी-मार्ट के नाम पर ही करीब 60 लाख रुपए ले लिए. पीड़ित ने बताया कि लगातार दबाव और नुकसान के कारण वह मानसिक रूप से परेशान हो गया है. पुलिस के अनुसार आवेदन पर पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है. पुलिस ने यह भी बताया कि इसी मामले से जुड़े विवाद में पहले एक दंपती को बंधक बनाने की शिकायत भी सामने आई थी, जिसमें करीब 40 लाख रुपए के लेनदेन का विवाद बताया है. फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर आगे की कार्रवाई कर रही है.
