जबलपुर: कुंडम थाना अंतर्गत खिरवा महानदी महुआई घाट में डेयरी कर्मचारी की अवैध संंबंध के शक में हत्या हुई थी । आरोपियों ने हत्या के बाद साक्ष्य छुपाने के इरादे से शव को नदी में फेंका था। मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।पुलिस के मुताबिक मिंटू उर्फ दिलीप परियट में लालचंद डेरी में काम कर रहा था एवं वहीं पर रहता था डेरी में काम करने वाली महिला से दिलीप के संबंध थे 29 मार्च को मिंटू जवारा देखने के लिये महिला के घर दियागढ़ गया था। शाम को महिला के रिश्तेदार अजीत उर्फ जित्तू धुर्वे एवं कैलाश सिंह परस्ते के साथ शराब पिया था अजीत उर्फ जित्तू धुर्वे एवं कैलाश सिंह के द्वारा महिला से मिन्टू उर्फ दिलीप के संबंध की बात को लेकर मिंटू उर्फ दिलीप के साथ मारपीट कर मिंटू उर्फ दिलीप की हत्या करने के बाद हत्या छिपाने की नियत से मिंटू उर्फ दिलीप का शव ग्राम खिरवा महानदी महुआई घाट नदी के पानी में फैंक दिया।
तीन माह से नहीं गया था घर, 29 मार्च से था गायब
पुलिस के मुताबिक सात अप्रैल को मुकेश कुमार पटेल 50 वर्ष निवासी दोनी, मझौली ने सूचना दी कि उसका बड़ा बेटा मिंटू उर्फ दिलीप पटेल 24 वर्ष परियट में लालचंद डेरी में लगभग 8 वर्ष से काम कर रहा है था और डेरी में ही रहता था। दिलीप पटैल लगभग 3 माह से घर नहीं आया था। डेरी मालिक दीपक सेठ ने फोन कर उसके बेटे विकास पटेल केा बताया कि 29 मार्च को सुबह लगभग 11 बजे डेरी से चिंटू उर्फ दिलीप पटेल जवारा देखने गोसलपुर जुझारी जाने की कहकर गया था जो अभी तक नहीं आया। इसके बाद मामले की शिकायत सात अप्रैल को थाने में की गई थी ।
ढीमरखेड़ा में दर्ज थी गुमशुदगी-
परिजनों को मिंटू के टीमरखेड़ा जाने की जानकारी लगी इसके बाद मिन्टू की तलाश करते हुये परिजन महिला को साथ लेकर थाना ढीमर खेड़ा पहुंचे जहां गुमशुदगी दर्ज कराई। मुकेश अपने बेटे की तलाश आसपास महानदी के पास करते रहे। सात अप्रैल को को दोपहर में महानदी महुआई घाट के किनारे पानी में बेटे मिन्टू उर्फ दिलीप पटेल का शव उतराता मिला। जांच के बाद अजीत धुर्वे एवं कैलाश सिंह परस्ते को हिरासत में लिया गया ।
