भैरुंदा। तहसील क्षेत्र में प्रशासन को गुमराह कर सरकारी मुआवजा हासिल करने की एक बड़ी साजिश का खुलासा हुआ है. ग्राम अतरालिया में सामने आए इस मामले ने न केवल अधिकारियों को चौंका दिया है, बल्कि सरकारी संसाधनों को भी नुकसान पहुंचाया है. जांच में पता चला है कि कुछ किसानों ने जानबूझकर नरवाई में आग लगाकर खड़ी फसल जलने की झूठी सूचना दी, ताकि मुआवजा प्राप्त किया जा सके. अब इनके खिलाफ पुलिस में प्रकरण दर्ज कराया जाएगा.
प्राप्त जानकारी के अनुसार, किसानों द्वारा सूचना दी गई कि उनके खेतों में खड़ी गेहूं की फसल में भीषण आग लग गई है. सूचना मिलते ही नगर परिषद की फायर ब्रिगेड टीम मौके पर पहुंची. लेकिन जब टीम ने स्थल का निरीक्षण किया, तो सच्चाई कुछ और ही सामने आई. जांच में स्पष्ट हुआ कि खेत की फसल पहले ही काटी जा चुकी थी और खेत में केवल नरवाई बची थी.
बताया जा रहा है कि किसानों ने मूंग की अगली फसल की तैयारी के लिए खेत को जल्दी साफ करने के उद्देश्य से नरवाई में आग लगाई थी. इसी के साथ खड़ी फसल जलने का झूठा दावा कर मुआवजा लेने की योजना बनाई गई थी. गौरतलब है कि जिला कलेक्टर द्वारा पहले ही नरवाई जलाने और झूठी सूचना देने वालों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए जा चुके हैं। इसके बावजूद इस तरह की घटना सामने आना प्रशासनिक आदेशों की खुली अवहेलना को दर्शाता है. फिलहाल, मामले के उजागर होने के बाद संबंधित किसान सामने आने से बच रहे हैं. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह आग प्राकृतिक नहीं, बल्कि जानबूझकर लगाई गई थी। अब जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई करने के लिए प्रशासन मन बना चुका है.
किसानों के ‘डबल गेम का हुआ पर्दाफाश
नपा से जुड़े सूत्रों के अनुसार, इस पूरी घटना के पीछे किसानों की दोहरी मंशा थी—एक ओर नरवाई जलाकर खेत को जल्द तैयार करना और दूसरी ओर प्रशासन को भ्रमित कर फसल नुकसान का मुआवजा हासिल करना। इस ‘डबल गेम का खुलासा मौके पर पहुंचे अधिकारियों की जांच के बाद हुआ. बताया जाता है कि नरवाई में लगाई गई आग जब बेकाबू होकर कटी पड़ी फसल तक पहुंचने की आशंका दिखी तो किसानों के होश उड़ गए और उन्होंने दमकल को सूचना देने में ही भलाई समझी.
दमकलकर्मियों से अभद्रता, वाहन को नुकसान
ग्राम अतरालिया में स्थिति तब और गंभीर हो गई जब आग बुझाने पहुंचे दमकल कर्मचारियों के साथ किसानों ने अभद्र व्यवहार किया. उन्हें सुलगते खेत में वाहन उतारने को मजबूर किया गया. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, किसानों के दबाव में आकर मजबूर होकर दमकल चालक को गाड़ी खेत में उतारनी पड़ी. इसी दौरान आग अचानक भड़क उठी और फायर ब्रिगेड का वाहन उसकी चपेट में आ गया. घटना में दमकल वाहन को भारी नुकसान हुआ है.
दोषियों के खिलाफ होगी एफआईआर
जानकारी मिली थी कि ग्रामीणों ने नरवाई में आग लगाई थी और उसे बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड को बुलाया था. इनके द्वारा प्रशासन के प्रतिबंधात्मक आदेश के बाद भी नरवाई को जलाया गया दमकल को खेत में उतराने के लिए बाध्य किया गया. दोषी किसानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी और उपार्जन में भी उन्हें ब्लॉक किया जाएगा.
सुधीर कुशवाह ,
एसडीएम, भैरूंदा
