अबू धाबी/तेहरान, (वार्ता) संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने ईरान के एक विलवणीकरण संयंत्र पर हमला किया है, जो ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल युद्ध की शुरुआत के बाद से अमीरात और ईरान के बीच शत्रुता में एक महत्वपूर्ण वृद्धि का संकेत है। मीडिया रिपोर्टस में यह जानकारी दी गयी।
यदि इसकी पुष्टि हो जाती है, तो यह हमला न केवल फारस की खाड़ी के एक और देश को ईरान के साथ सीधे सैन्य संघर्ष में शामिल करेगा, बल्कि ईरानी ड्रोन और मिसाइल हमलों के खिलाफ अबू धाबी का पहला जवाबी हमला भी होगा।
ईरानी अधिकारियों और उसके सरकारी मीडिया के अनुसार, क़ेशम द्वीप पर स्थित एक विलवणीकरण संयंत्र पर कथित तौर पर रात भर में हमला किया गया, जिससे आसपास के लगभग 30 गांवों में पानी की आपूर्ति बाधित हो गई।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने हमले की निंदा करते हुए कहा कि कथित हमले में द्वीप पर स्थित ईरान के मीठे पानी के बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया गया था और गंभीर परिणामों की चेतावनी दी।
