
सीहोर। विभिन्न समस्याओं के निराकरण की मांग को लेकर पटवारियों ने टाउनहाल से कलेक्ट्रेट तक रैली निकालकर विरोध प्रदर्शन किया और कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा. इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में जिलेभर के पटवारी शामिल हुए.
संघ के जिलाध्यक्ष संजय राठौर ने ज्ञापन का वाचन करते हुए बताया कि जिले में पदस्थ पटवारी पूरी निष्ठा से अपने कर्तव्यों का निर्वहन कर रहे हैं, लेकिन कार्य के दौरान अनेक समस्याएं सामने आ रही हैं.उन्होंने बताया कि फार्मर रजिस्ट्री कैम्प, कृषि संगणना एवं छठी लघु सिंचाई संगणना के लंबित मानदेय का शीघ्र भुगतान किया जाए. नवोदित पटवारियों को 100 प्रतिशत वेतन दिए जाने संबंधी आदेश जारी किया जाए. अनूपपुर जिले में पटवारियों का वेतन रोके जाने जैसी कार्रवाई पर रोक लगे. मकान नंबरीकरण का कार्य स्थानीय निकाय से कराया जाए. पटवारियों को मुक्त रखा जाए. संघ ने बताया कि फार्मर रजिस्ट्री कैम्प के लिए पटवारियों को नोडल अधिकारी बनाया गया था और शासन स्तर से मानदेय स्वीकृत होने के बावजूद भुगतान अब तक लंबित है. वहीं, सातवीं लघु सिंचाई संगणना का कार्य प्रारंभ किया जा चुका है, जबकि पूर्व की कृषि संगणना और छठी लघु सिंचाई संगणना का मानदेय अभी तक नहीं मिला है. वर्तमान में जियो-टैग गिरदावरी, फसल पंजीयन, वन संपरिवर्तन और ग्राउंड टूथिंग जैसे कार्य भी समय-सीमा में पूर्ण करने का दबाव है. ऐसे में पटवारियों का कहना है कि लगातार बढ़ते कार्यभार के बीच मानसिक दबाव बनाया जा रहा है .
संघ ने यह भी उल्लेख किया कि नव नियुक्त पटवारियों को 100 प्रतिशत वेतन देने की घोषणा पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा की गई थी, किंतु आदेश अब तक लंबित है. इस संबंध में उच्च न्यायालय, जबलपुर द्वारा शासकीय कर्मचारियों के हित में पारित आदेश का भी हवाला दिया गया.
