
भोपाल: मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता डॉ. विक्रम चौधरी ने केंद्रीय मंत्रालय द्वारा जारी नवीनतम राष्ट्रीय सड़क दुर्घटना आंकड़ों पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने इसे “डर पैदा करने वाला सार्वजनिक सुरक्षा संकट” करार दिया। रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2023 में देशभर में सड़क हादसों में 1,68,000 लोगों की मौत हुई, जिनमें से 84 प्रतिशत युवा वर्ग (18 से 45 वर्ष) शामिल था। डॉ. चौधरी ने कहा कि ये आंकड़े दर्शाते हैं कि देश का भविष्य—युवा—भाजपा सरकार की लापरवाही, भ्रष्टाचार और घटिया निर्माण कार्यों का सीधा शिकार बन रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के संरक्षण में ठेकेदारों और अधिकारियों की मिलीभगत के कारण राज्य में सड़क निर्माण की गुणवत्ता बुरी तरह गिर गई है। घटिया सामग्री के उपयोग से टूटी-फूटी सड़कें, जानलेवा 90 डिग्री मोड़, बिना साइनेज वाले ब्लाइंड टर्न, गलत ढलान और अव्यवस्थित इंजीनियरिंग जैसे खतरनाक दोष सामने आए हैं, जो प्रतिदिन सैकड़ों परिवारों को प्रभावित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं की रिकॉर्ड मौतें यह साबित करती हैं कि सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार अब सिर्फ आर्थिक अपराध नहीं, बल्कि “संस्थागत मानववध” जैसा सामाजिक अपराध बन चुका है।
डॉ. चौधरी ने मांग की कि सड़क निर्माण में उच्चतम गुणवत्ता मानकों का कड़ाई से पालन हो और संपूर्ण प्रक्रिया पारदर्शी बनाई जाए। उन्होंने भ्रष्ट ठेकेदारों और अधिकारियों पर सार्वजनिक मुकदमा चलाने, हर जिले में स्वतंत्र ऑडिट टीम गठित करने, अंतरराष्ट्रीय इंजीनियरिंग मानकों को अपनाने, दुर्घटना स्थलों की विशेषज्ञ समीक्षा और सुधार कार्यों के लिए समयबद्ध योजना लागू करने की आवश्यकता बताई। साथ ही उन्होंने सड़क सुरक्षा में जनभागीदारी और यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने की भी अपील की।
युवाओं से विशेष आग्रह करते हुए उन्होंने कहा कि वे भाजपा सरकार की लापरवाही और भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी आवाज़ बुलंद करें। कांग्रेस ने घोषणा की है कि वह सड़क सुरक्षा, पारदर्शिता और जनहित के मुद्दों पर व्यापक जनआंदोलन शुरू करेगी, ताकि प्रदेश का भविष्य सुरक्षित रह सके।
