छतरपुर ग्रेनाइट खनन मामले पर हाई कोर्ट सख्त, शासन से मांगा जवाब

छतरपुर। जिले में सामने आए कथित ग्रेनाइट खनन घोटाले को लेकर हाई कोर्ट ने गंभीर रुख अपनाया है। मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा और न्यायमूर्ति विनय सराफ की युगलपीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए राज्य शासन से विस्तृत जवाब तलब किया है।

कोर्ट ने खनिज विभाग के सचिव, मध्य प्रदेश स्टेट माइनिंग कॉर्पोरेशन के प्रबंध संचालक (एमडी) तथा कलेक्टर छतरपुर सहित संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी कर निर्धारित समय सीमा में जवाब पेश करने के निर्देश दिए हैं।

यह मामला ग्राम पंचायत भैरा के सरपंच शिवराम दीक्षित और दिलीप सिंह द्वारा दायर जनहित याचिका के माध्यम से अदालत के सामने आया। याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता अंकित सक्सेना ने बताया कि वर्ष 1997 से अनूपपुर की किसान मिनरल्स प्राइवेट लिमिटेड को ग्रेनाइट खनन का ठेका दिया जा रहा था। समझौते के अनुसार कंपनी को रॉयल्टी और डेवलपमेंट फीस जमा करनी थी, लेकिन भुगतान में भारी अनियमितताओं के आरोप लगाए गए हैं।

जांच रिपोर्ट में वर्ष 2021 तक करीब 19 करोड़ रुपये की रॉयल्टी चोरी का आकलन सामने आया था। साथ ही कंपनी द्वारा बैंक गारंटी जमा न करने और वर्ष 2024 में जांच प्रक्रिया को प्रभावित करने के आरोप भी लगाए गए हैं।

कोर्ट की सख्ती के बाद प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी निगाहें–

हाई कोर्ट की सख्त टिप्पणी के बाद अब सभी की नजरें राज्य शासन और संबंधित विभागों की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं, जिससे पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद जताई जा रही है।

Next Post

बलूचिस्तान में पाक सेना का अभियान, 216 लड़ाके मारे

Thu Feb 5 , 2026
इस्लामाबाद, 05 फरवरी (वार्ता) पाकिस्तानी सेना ने देश के दक्षिण-पश्चिमी प्रांत बलूचिस्तान में ‘आतंकवाद विरोधी अभियान’ में कम से कम 216 बलूच लड़ाकों को मार गिराया है। पाकिस्तानी सेना की मीडिया विंग, इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने गुरूवार को एक बयान में कहा कि बलूच लड़ाकों के हमलों में सुरक्षा […]

You May Like